पिनाका बना दुश्मन का काल, 120 किमी मारक क्षमता से भारत को मिली रणनीतिक बढ़त
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संवाद 24 चांदीपुर (ओडिशा)। भारत ने रक्षा क्षेत्र में एक और बड़ी छलांग लगाते हुए पिनाका रॉकेट प्रणाली को नई ताकत दे दी है। ओडिशा के चांदीपुर स्थित एकीकृत परीक्षण रेंज में 120 किलोमीटर तक मार करने वाले पिनाका लॉन्ग रेंज गाइडेड रॉकेट का सफल परीक्षण किया गया। रक्षा मंत्रालय के अनुसार यह पिनाका श्रेणी में लंबी दूरी के निर्देशित रॉकेट का पहला परीक्षण था, जिसने लक्ष्य को अत्यंत सटीकता के साथ भेदकर अपनी क्षमता सिद्ध कर दी।
रक्षा मंत्रालय ने बताया कि ‘पिनाका लॉन्ग रेंज गाइडेड रॉकेट (LRGR-120)’ को सेवा में पहले से मौजूद पिनाका लॉन्चर से दागा गया, जिससे इसकी बहुआयामी उपयोगिता भी साबित हुई। एक ही लॉन्चर से अलग-अलग दूरी के पिनाका संस्करणों को दागने की क्षमता ने इस सिस्टम को और अधिक प्रभावशाली बना दिया है। परीक्षण के दौरान रॉकेट की उड़ान, मार्ग नियंत्रण और लक्ष्य भेदन सभी मानकों पर पूरी तरह सफल रहे।
इस उपलब्धि पर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने डीआरडीओ और वैज्ञानिकों की टीम को बधाई दी। उन्होंने कहा कि लंबी दूरी के निर्देशित रॉकेटों का सफल डिजाइन और विकास सशस्त्र बलों की मारक क्षमता में अभूतपूर्व वृद्धि करेगा। रक्षा मंत्री ने पिनाका को भारत के लिए ‘गेम चेंजर’ बताते हुए कहा कि यह भविष्य के युद्ध परिदृश्य में निर्णायक भूमिका निभाएगा।
पिनाका रॉकेट इसलिए खास माना जा रहा है क्योंकि यह अत्याधुनिक गाइडेड तकनीक से लैस है, जिससे लक्ष्य पर बेहद सटीक हमला संभव होता है। इसकी 120 किलोमीटर की रेंज दुश्मन के गहराई में स्थित ठिकानों को भी नष्ट करने की क्षमता देती है। यह पूरी तरह स्वदेशी प्रणाली है, जिसे डीआरडीओ की पुणे स्थित आर्मामेंट रिसर्च एंड डेवलपमेंट एस्टैब्लिशमेंट ने विकसित किया है। इसमें आधुनिक नेविगेशन और कंट्रोल सिस्टम का इस्तेमाल किया गया है, जिससे उड़ान के दौरान रॉकेट पर उच्च स्तर का नियंत्रण बना रहता है।
सैन्य दृष्टि से पिनाका की यह नई क्षमता भारत के लिए रणनीतिक बढ़त लेकर आई है। अब तक पिनाका रॉकेट सिस्टम की मारक क्षमता 40 से 75 किलोमीटर तक सीमित थी, लेकिन 120 किलोमीटर की नई रेंज से भारत को एलओसी और एलएसी पर निर्णायक बढ़त मिलेगी। यह रॉकेट दुश्मन के बंकरों, निगरानी रडार, कमांड एंड कंट्रोल सेंटर और अहम सैन्य ठिकानों को दूर बैठे ही ध्वस्त करने में सक्षम है।
विशेषज्ञों का मानना है कि पिनाका के इस उन्नत संस्करण के सेना में शामिल होने से भारत को बिना सीमा पार किए गहरे और सटीक प्रहार की शक्ति मिलेगी। यही कारण है कि पिनाका को आने वाले समय में दुश्मन के लिए ‘काल’ और भारत के लिए एक बड़ा रणनीतिक गेमचेंजर माना जा रहा है।






