
संवाद 24 गोरखपुर। पूर्वांचल के बड़े खेल इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट के रूप में गोरखपुर इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम के निर्माण को नई गति मिल गयी है। शासन-प्रशासन के निर्देश पर इस महत्वाकांक्षी योजना को आगे बढ़ाने की प्रक्रिया को तेजी दी जा रही है ताकि इसे निर्धारित समय में पूरा किया जा सके।
राज्य सरकार ने 392.94 करोड़ रुपये के अनुमानित बजट को पारित कर प्रोजेक्ट को औपचारिक रूप से मंज़ूरी दे दी है, जिससे अब मुख्य निर्माण कार्य जल्द प्रारंभ हो सकेगा। प्रारंभिक चरण में हानिकारक मिट्टी भराई, समतलीकरण और साइट की तैयारी जैसे कार्य शुरू कर दिए गए हैं। पहली वित्तीय किश्त के तौर पर शासन द्वारा 63.39 करोड़ रुपये जारी कर दिए गए हैं।
यह स्टेडियम ताल नदौर में लगभग 46–50 एकड़ भूमि पर विकसित किया जा रहा है और इसे अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप डिज़ाइन किया गया है।
स्टेडियम की बैठने की क्षमता लगभग 30,000 दर्शकों की होगी, जिसमें ईस्ट और वेस्ट स्टैंड के माध्यम से स्पोर्ट्स प्रेमियों को बैठने की सुविधा मिलेगी। प्रोजेक्ट में 7 मुख्य खेल पिच और 4 प्रैक्टिस पिचें बनाई जाएंगी तथा सुरक्षा और सुविधाओं के लिए उत्तम इंतज़ाम सुनिश्चित किए जाएंगे। दक्षिण और उत्तर पवेलियन में मीडिया, वीआईपी व वीवीआईपी गैलरी का समुचित प्रबंध किया जाएगा।
गोरखपुर इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम गोरखपुर-वाराणसी फोरलेन के निकट स्थित है और बेहतर कनेक्टिविटी के कारण यह खिलाड़ियों और दर्शकों के लिए आसानी से सुलभ रहेगा। करीब के हवाई अड्डे, बस अड्डे और रेलवे स्टेशन से पहुँचना भी सुविधाजनक होगा।
यह स्टेडियम मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के “खेल और युवा विकास” के विज़न का एक हिस्सा है, जिसका मकसद प्रोफेशनल स्पोर्ट्स, खेल सुविधाओं और युवा प्रतिभाओं के लिए नए अवसर पैदा करना है। उत्तर प्रदेश में पहले से कानपुर, लखनऊ और वाराणसी जैसे शहरों में भी उच्चस्तर के क्रिकेट स्टेडियम हैं, और गोरखपुर में इस स्टेडियम के जुड़ने से प्रदेश की खेल संरचना और मजबूत होगी।
विशेषज्ञों के अनुसार, स्टेडियम के निर्माण से न सिर्फ खेल जगत में, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था, पर्यटन, रियल एस्टेट और रोजगार के अवसरों में भी वृद्धि संभव है। आने वाले वर्षों में इस क्षेत्र का विकास और विस्तार अपेक्षित है।






