
ठठिया/कन्नौज। ठठिया क्षेत्र के सुरसी गांव में गुरुवार को पतंजलि के जैविक कृषि उत्पादों की दुकान का भव्य शुभारंभ हुआ। ग्रामीण क्षेत्र में किसानों को जैविक खाद एवं कृषि संबंधी उत्पाद सहजता से उपलब्ध कराने के उद्देश्य से शुरू किए गए इस केंद्र का उद्घाटन राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ कन्नौज के जिला प्रचारक धनंजय जी ने फीता काटकर किया।
मृदा की सेहत पर जोर, जैविक खेती की ओर बढ़ता रुझान
कार्यक्रम के दौरान जैविक एवं संतुलित कृषि पद्धतियों की आवश्यकता पर चर्चा हुई। केंद्र और राज्य स्तर पर भी मृदा स्वास्थ्य, संतुलित पोषक तत्वों के उपयोग तथा जैविक एवं प्राकृतिक खेती को प्रोत्साहित करने के प्रयास किए जा रहे हैं। केंद्र सरकार के अनुसार जैविक खेती से जुड़ी योजनाओं के तहत किसानों को पर्यावरण अनुकूल कृषि पद्धतियों को अपनाने, जैविक प्रमाणन तथा बाजार तक पहुंच के लिए सहायता दी जा रही है।
किसानों तक पहुंचेगा जैविक कृषि का विकल्प
पतंजलि की कृषि उत्पाद श्रृंखला में विभिन्न जैव-उर्वरक उपलब्ध हैं। कंपनी की आधिकारिक जानकारी के अनुसार उसके उत्पादों में नाइट्रोजन एवं फॉस्फेट घुलनशीलता से संबंधित जैव-उर्वरक भी शामिल हैं, जिनका उपयोग अलग-अलग फसलों के लिए निर्धारित दिशा-निर्देशों के अनुसार किया जाता है।सुरसी गांव में नए केंद्र के शुरू होने से क्षेत्र के किसानों को ऐसे कृषि उत्पादों के लिए स्थानीय स्तर पर एक और विकल्प उपलब्ध होगा। हालांकि किसी भी उर्वरक या जैव-उर्वरक का प्रयोग फसल, मिट्टी की स्थिति और कृषि विशेषज्ञ की सलाह के अनुसार करना उचित है।
उद्घाटन समारोह में जुटे क्षेत्र के प्रमुख लोग
शुभारंभ अवसर पर वरिष्ठ भाजपा नेता श्याम स्वरूप चतुर्वेदी, लल्ला अवस्थी, मयंक त्रिपाठी प्रसून त्रिपाठी और वीरेंद्र कटियार सहित अन्य लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम में ग्रामीणों एवं किसानों की भी सहभागिता रही।
विविधेश त्रिपाठी होंगे केंद्र के संचालक
नवस्थापित पतंजलि जैविक खाद केंद्र के प्रोपराइटर विविधेश त्रिपाठी हैं। केंद्र का उद्देश्य क्षेत्र के किसानों को जैविक कृषि से संबंधित उत्पादों की उपलब्धता सुनिश्चित करना और कृषि क्षेत्र में वैकल्पिक उर्वरक प्रबंधन के प्रति जागरूकता बढ़ाना बताया गया।कृषि वैज्ञानिक संस्थान ICAR भी जैव-उर्वरकों को सतत कृषि उत्पादन की दिशा में उपयोगी विकल्पों के रूप में सूचीबद्ध करता है।






