
संवाद 24 फर्रुखाबाद। नियमितीकरण और समान काम के लिए समान वेतन की मांग को लेकर लखनऊ में प्रदर्शन करने जा रहे संविदा कर्मचारियों को सोमवार सुबह फर्रुखाबाद के जहानगंज में रोक लिया गया। पुलिस ने कर्मचारियों की बस को आगे नहीं जाने दिया तो वे नीचे उतरकर नारेबाजी करने लगे। बाद में पुलिस से बातचीत के बाद कर्मचारी लौटने को तैयार हो गए और करीब 10 बजे बस फर्रुखाबाद के लिए रवाना हो गई। संविदा कर्मचारियों का लखनऊ स्थित इको गार्डन में प्रदर्शन प्रस्तावित था। इसी में शामिल होने के लिए सोमवार सुबह आवास विकास क्षेत्र में कर्मचारी जुटे और बस से रवाना हुए थे। बस में यूनियन के करीब 40 से 45 कर्मचारी सवार थे।
सुबह घरों से निकले, जहानगंज में रोक दी गई बस
प्रदर्शन में शामिल होने के लिए कर्मचारी सुबह करीब छह बजे से आवास विकास क्षेत्र में पहुंचने लगे थे। सभी के एकत्र होने के बाद बस लखनऊ के लिए रवाना हुई, लेकिन जहानगंज पहुंचने पर पुलिस ने उसे आगे बढ़ने से रोक दिया। बस रोके जाने के बाद कर्मचारी नीचे उतरे और अपनी मांगों के समर्थन में नारेबाजी करने लगे। उनका उद्देश्य लखनऊ पहुंचकर निर्धारित प्रदर्शन में शामिल होना था, लेकिन रास्ते में ही रोक दिए जाने से कार्यक्रम में पहुंचना संभव नहीं हो सका।
नियमितीकरण और समान वेतन की मांग
संविदा कर्मचारी लंबे समय से नौकरी के नियमितीकरण और समान काम के लिए समान वेतन की मांग उठा रहे हैं। इसी क्रम में उन्होंने 8 से 10 अक्टूबर तक मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) कार्यालय में भी धरना दिया था। इसके बाद लखनऊ के इको गार्डन में प्रदर्शन करने की योजना बनाई गई थी। कर्मचारियों का कहना है कि उनकी मांगों पर निर्णय होना चाहिए, ताकि लंबे समय से संविदा पर काम कर रहे कर्मचारियों को सेवा संबंधी अनिश्चितताओं से राहत मिल सके।
यूनियन अध्यक्ष बोले- रात से घर पर पुलिस तैनात
यूनियन अध्यक्ष राज आर्यन अग्निहोत्री ने आरोप लगाया कि पुलिस रात करीब एक बजे से उनके घर पर मौजूद है और उन्हें बाहर नहीं निकलने दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर शांतिपूर्ण तरीके से लखनऊ में प्रदर्शन करने जा रहे थे। अध्यक्ष के अनुसार, बस में करीब 40 से 45 संविदा कर्मचारी सवार थे। जहानगंज में रोके जाने के बाद कर्मचारियों ने विरोध जताया।
बातचीत के बाद वापस लौटे कर्मचारी
जहानगंज थानाध्यक्ष के मुताबिक, पुलिस ने कर्मचारियों से बातचीत की, जिसके बाद वे मान गए और फर्रुखाबाद लौटने के लिए रवाना हो गए। करीब सुबह 10 बजे बस वापस फर्रुखाबाद की ओर चली गई। फिलहाल कर्मचारी लखनऊ में प्रस्तावित प्रदर्शन में शामिल नहीं हो सके। नियमितीकरण और समान काम के लिए समान वेतन की उनकी मांगों पर आगे क्या कार्रवाई होती है, इस पर कर्मचारियों की नजर बनी हुई है।






