
ऐतिहासिक सांझी महोत्सव के दौरान बृहस्पतिवार देर रात निकली भगवान शिव की बरात आकर्षण का केंद्र रही। बरात में भूत-प्रेतों के वेश में कलाकारों के नृत्य और आग के गुबार ने लोगों का ध्यान खींचा। 48 आकर्षक झांकियों से सजी इस बरात को देखने के लिए नगर के प्रमुख मार्गों पर देर रात तक लोगों की भीड़ जुटी रही। धार्मिक उत्सव के दौरान श्रद्धालुओं में खासा उत्साह देखने को मिला। श्री शीतल सांझी मंडल बजरिया की ओर से निकाली गई बरात का शुभारंभ बजरिया से हुआ। इसके बाद बरात नई बस्ती, श्यामागेट, लोहाई बाजार और मुख्य चौराहे से होते हुए नगर भ्रमण कर देर रात शिवाला भवन पहुंची। बरात में भगवान शिव दूल्हे के स्वरूप में सजे रथ पर सवार थे। रास्ते भर लोगों ने धार्मिक झांकियों का आनंद लिया।
भूत-प्रेतों के नृत्य और आग के करतब बने आकर्षण
बरात में बहजोई से आए कलाकारों ने भूत-प्रेतों का रूप धारण कर अनोखा नृत्य प्रस्तुत किया। कलाकारों की वेशभूषा और प्रस्तुतियों ने दर्शकों को आकर्षित किया। वहीं, आग के गुबार ने आयोजन में रोमांच का रंग भर दिया। डीजे पर बज रहे भक्ति गीत ‘सज रहे भोले बाबा निराले दूल्हे में’ की धुन पर युवा झूमते नजर आए। बरात में भगवान ब्रह्मा, विष्णु, शुक्र और शनि समेत कुल 48 झांकियां शामिल रहीं। अलग-अलग धार्मिक स्वरूपों से सजी झांकियों ने सांझी महोत्सव की रौनक बढ़ाई। नगर भ्रमण के दौरान दर्शक बरात के साथ चलती झांकियों को देखने के लिए उत्सुक दिखाई दिए।
पुलिस की निगरानी में निकली बरात
आयोजन के दौरान सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार शुक्ला के नेतृत्व में पुलिस बल तैनात रहा। आयोजन को सफल बनाने में मुकेश दुबे, विवेक शर्मा, अंकुर भारद्वाज, पारस गुप्ता, सुमित वर्मा, कन्हैया, महेश, दीपक वर्मा और ऋषभ भारद्वाज सहित अन्य लोगों ने सहयोग किया। सांझी महोत्सव की धार्मिक परंपरा के बीच निकली शिव बरात ने एक बार फिर नगर में उत्सव का माहौल बना दिया। भव्य झांकियों, कलाकारों की प्रस्तुतियों और श्रद्धालुओं की भागीदारी ने कार्यक्रम को यादगार बनाया।
शमसाबाद में गूंजे हर-हर महादेव के जयकारे, शिव-पार्वती विवाह में उमड़े श्रद्धालु
गुमटी महादेव मंदिर से लंका मैदान तक निकली शिव बरात, रामलीला मैदान में विधि-विधान से संपन्न हुआ विवाह समारोह श्रीरामलीला महोत्सव के अंतर्गत शुक्रवार को शमसाबाद में भगवान शिव की बरात धूमधाम से निकाली गई। गुमटी महादेव मंदिर से शुरू हुई बरात मुख्य मार्ग और थाना चौराहे से होते हुए लंका मैदान पहुंची। बैंड-बाजों की धुन और भगवान शिव के जयकारों से नगर का वातावरण भक्तिमय हो गया। बरात के रास्ते में जगह-जगह श्रद्धालुओं ने स्वागत किया और प्रसाद वितरित किया। शिव बरात में शामिल श्रद्धालुओं ने भगवान शिव के दर्शन कर आशीर्वाद लिया। धार्मिक उत्साह के बीच युवा बैंड-बाजों की धुन पर झूमते नजर आए। नगर के विभिन्न स्थानों पर लोगों ने बरात का स्वागत कर अपनी आस्था व्यक्त की।
रामलीला मैदान में हुआ शिव-पार्वती विवाह
बरात के रामलीला मैदान पहुंचने के बाद भगवान शिव और माता पार्वती का विवाह विधि-विधान से संपन्न कराया गया। विवाह समारोह में श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। धार्मिक अनुष्ठान के दौरान उपस्थित लोगों ने भगवान शिव और माता पार्वती के विवाह प्रसंग के दर्शन किए। श्रीरामलीला महोत्सव के इस आयोजन ने धार्मिक परंपराओं और सामूहिक सहभागिता की झलक प्रस्तुत की। बरात से लेकर विवाह समारोह तक श्रद्धालुओं की भागीदारी बनी रही।
रामलीला कमेटी के पदाधिकारी रहे मौजूद
कार्यक्रम के दौरान रामलीला कमेटी के अध्यक्ष श्याम मिश्रा, महामंत्री नवनीत रस्तोगी, आलोक कुमार, अवधेश पांडेय, विजय गुप्ता, आयुष गुप्ता, जितेंद्र शाक्य और रामकुमार गुप्ता सहित अन्य लोग मौजूद रहे। आयोजन को लेकर श्रद्धालुओं में उत्साह दिखाई दिया।
पिता की स्मृति में सौरभ मिश्रा ने रामलीला कमेटी को भेंट किया नया रथ
दिवंगत राजेश मिश्रा की याद में धार्मिक आयोजन के लिए सहयोग, पिछली रामलीला की बची राशि भी कमेटी को सौंपी पिता राजेश मिश्रा की स्मृति को संजोने और धार्मिक आयोजनों में योगदान देने के उद्देश्य से रामलीला कमेटी के पूर्व अध्यक्ष सौरभ मिश्रा ने शुक्रवार को कमेटी को नया रथ भेंट किया। इस पहल को रामलीला के आयोजन में सहयोग की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। रथ मिलने से कमेटी को आगामी धार्मिक आयोजनों की व्यवस्थाओं में मदद मिलेगी। रामलीला कमेटी के पदाधिकारी आर्येंद्र यादव ने बताया कि सौरभ मिश्रा ने पिछली रामलीला के आयोजन के बाद बची हुई राशि भी कमेटी को सौंप दी। इससे कमेटी को भविष्य में होने वाले कार्यक्रमों के संचालन में आर्थिक सहयोग मिलेगा।
धार्मिक परंपरा को आगे बढ़ाने की पहल
रामलीला और अन्य धार्मिक आयोजन स्थानीय स्तर पर लोगों को एकजुट करने के साथ धार्मिक परंपराओं को आगे बढ़ाने में भूमिका निभाते हैं। ऐसे आयोजनों के लिए आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराना आयोजन समितियों के लिए उपयोगी होता है। सौरभ मिश्रा की ओर से रथ भेंट किए जाने और शेष राशि सौंपने की पहल इसी दिशा में सहयोग के रूप में सामने आई है।
कमेटी के पदाधिकारियों ने जताई उपस्थिति
इस अवसर पर रामलीला कमेटी के अध्यक्ष नीरज गुप्ता, ऋषभ गुप्ता, उपेंद्र लोधी सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे। कमेटी को रथ सौंपे जाने के दौरान धार्मिक आयोजनों के संचालन में सहयोग की भावना दिखाई दी।सौरभ मिश्रा की इस पहल से पिता की स्मृति को धार्मिक और सामाजिक गतिविधियों से जोड़ने का प्रयास किया गया है। कमेटी को मिला रथ आगामी आयोजनों में उपयोगी साबित हो सकता है।






