सातनपुर आलू मंडी में अचानक तेजी: दोगुनी आवक के बावजूद 100 रुपये प्रति क्विंटल तक बढ़े दाम
Share your love

उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद स्थित एशिया प्रसिद्ध सातनपुर आलू मंडी में शनिवार को आलू के दामों में अचानक उछाल दर्ज किया गया। खास बात यह रही कि मंडी में आलू की आवक लगभग दोगुनी होने के बावजूद कीमतों में करीब 100 रुपये प्रति क्विंटल तक की तेजी देखने को मिली। व्यापारियों का कहना है कि मौसम में बदलाव और बाहरी मंडियों से बढ़ी मांग ने बाजार का पूरा समीकरण बदल दिया है।
एक महीने से स्थिर थे भाव, शनिवार को आई तेजी
पिछले करीब एक महीने से सातनपुर मंडी में आलू के भाव लगभग स्थिर बने हुए थे। सफेद हाईब्रिड आलू 201 से 401 रुपये प्रति क्विंटल के बीच बिक रहा था, जबकि लाल हालैंड आलू के दाम 501 से 601 रुपये प्रति क्विंटल तक सीमित थे। लेकिन शनिवार को अचानक बाजार में तेजी लौट आई। मंडी में सफेद हाईब्रिड आलू 301 से 501 रुपये प्रति क्विंटल तक पहुंच गया, जबकि लाल हालैंड आलू 601 से 751 रुपये प्रति क्विंटल तक बिका।
दोगुनी आवक के बाद भी तेज रही खरीद
मंडी में पिछले दिनों जहां प्रतिदिन 30 से 40 मोटर आलू की आवक हो रही थी, वहीं शनिवार को करीब 80 मोटर आलू पहुंचा। सामान्यतः अधिक आवक होने पर कीमतों में नरमी देखने को मिलती है, लेकिन इस बार स्थिति उलट रही। खरीददारों की संख्या अधिक रहने से मंडी में बिक्री तेज बनी रही और सभी आलू की नीलामी लगभग एक घंटे के भीतर पूरी हो गई। व्यापारियों के अनुसार बाहर की मंडियों से लगातार खरीदारी होने से स्टॉक तेजी से निकल रहा है।
बारिश से बदली मांग, गर्मी से मिली राहत
आलू कारोबारियों का कहना है कि हाल की बारिश ने भीषण गर्मी से राहत दी है, जिससे आलू की खपत में बढ़ोतरी हुई है। मौसम सुहावना होने के बाद होटल, थोक बाजार और बाहरी जिलों से मांग अचानक बढ़ी है। यही वजह है कि अधिक आवक के बावजूद बाजार कमजोर नहीं पड़ा। मंडी में सक्रिय व्यापारियों का मानना है कि यदि बाहरी मांग इसी तरह बनी रही तो आने वाले दिनों में आलू के दामों में और तेजी देखने को मिल सकती है।
एशिया की प्रमुख आलू मंडियों में शामिल है सातनपुर
फर्रुखाबाद की सातनपुर आलू मंडी को देश ही नहीं बल्कि एशिया की प्रमुख आलू मंडियों में गिना जाता है। यहां उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों से व्यापारी खरीदारी करने पहुंचते हैं। सीजन के दौरान यहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में ट्रकों और मोटरों से आलू की आवक होती है, जिससे यह मंडी क्षेत्रीय कृषि व्यापार का बड़ा केंद्र बनी हुई है।






