आबकारी विभाग सख्त: शराब दुकानों पर ओवररेटिंग, बिना POS बिक्री और अव्यवस्था पर होगी कार्रवाई
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जिलाधिकारी श्री आशुतोष कुमार द्विवेदी के निर्देश पर बुधवार को आबकारी अधिकारी की अध्यक्षता में जनपद के सभी थोक एवं फुटकर अनुज्ञापियों की बैठक आयोजित की गई। बैठक में आबकारी विभाग के अधिकारी-कर्मचारियों के साथ सभी लाइसेंसधारक मौजूद रहे। बैठक का मुख्य उद्देश्य नई आबकारी नीति के तहत शराब बिक्री व्यवस्था को अधिक पारदर्शी, व्यवस्थित और नियंत्रित बनाना रहा।
42.8 तीव्रता वाले 100 एमएल पौव्वे की बिक्री बढ़ाने पर जोर
बैठक में देशी शराब की 75-25 प्रतिशत बिक्री व्यवस्था को प्रभावी बनाने के लिए विशेष रूप से 42.8 प्रतिशत तीव्रता वाले 100 एमएल पौव्वे की बिक्री बढ़ाने पर जोर दिया गया। उत्तर प्रदेश की नई आबकारी नीति 2026-27 में पहली बार 100 एमएल की छोटी बोतल को शामिल किया गया है, जिसका उद्देश्य कम मात्रा खरीदने वाले उपभोक्ताओं को विकल्प देना और अवैध शराब की बिक्री पर रोक लगाना है।
POS मशीन से होगी शत-प्रतिशत बिक्री
बैठक में सभी अनुज्ञापियों को निर्देशित किया गया कि शराब की प्रत्येक बिक्री POS मशीन के माध्यम से ही की जाए। विभाग का मानना है कि POS मशीन से बिक्री होने पर हर बोतल का रिकॉर्ड ऑनलाइन पोर्टल पर दर्ज होगा, जिससे ओवररेटिंग, मिलावट और बिना बिल बिक्री जैसी अनियमितताओं पर प्रभावी रोक लग सकेगी। पूर्व में भी प्रदेश स्तर पर POS मशीन आधारित बिक्री व्यवस्था को पारदर्शिता बढ़ाने का बड़ा माध्यम माना गया है।
ओवररेटिंग पर सख्ती, स्टॉक और ब्रांड की उपलब्धता जरूरी
बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि किसी भी हालत में निर्धारित मूल्य से अधिक दर पर शराब की बिक्री नहीं होनी चाहिए। यदि किसी दुकान पर ओवररेटिंग की शिकायत मिलती है तो संबंधित अनुज्ञापी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही दुकानों पर पर्याप्त ब्रांड और स्टॉक उपलब्ध रखने के निर्देश दिए गए, ताकि उपभोक्ताओं को परेशानी न हो। हाल के महीनों में प्रदेश के कई जिलों में ओवररेटिंग को लेकर शिकायतें सामने आने के बाद आबकारी विभाग ने इसे गंभीरता से लिया है।
CCTV कैमरे रियल टाइम में चालू रखने के निर्देश
सभी फुटकर अनुज्ञापियों को निर्देश दिया गया कि उनकी दुकानों पर लगे CCTV कैमरे रियल टाइम में संचालित रहें। विभागीय अधिकारियों ने कहा कि CCTV निगरानी से दुकानों की गतिविधियों पर नजर रखी जा सकेगी और नियमों के उल्लंघन की स्थिति में तुरंत कार्रवाई संभव होगी। हाल ही में प्रदेश के कई जिलों में चलाए गए विशेष अभियानों में भी CCTV और POS निगरानी को अनिवार्य किया गया है।
दुकान परिसर में साफ-सफाई और बाहर शराब सेवन पर रोक
बैठक में शराब दुकानों और कैंटीन परिसरों में साफ-सफाई बनाए रखने पर भी जोर दिया गया। साथ ही सभी फुटकर अनुज्ञापियों को निर्देशित किया गया कि दुकान के बाहर किसी भी व्यक्ति को शराब सेवन न करने दिया जाए। विभाग का मानना है कि इससे सार्वजनिक स्थानों पर अव्यवस्था और विवाद की स्थिति कम होगी तथा दुकानों की छवि भी बेहतर बनेगी।






