
संवाद 24 डेस्क। दिल्ली स्थित गुरु गोबिंद सिंह इंद्रप्रस्थ विश्वविद्यालय (GGSIPU) ने उच्च शिक्षा के क्षेत्र में ऑनलाइन पढ़ाई की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है। विश्वविद्यालय ने पहली बार ऑनलाइन मोड में Bachelor of Business Administration (BBA) और Bachelor of Commerce (B.Com) कार्यक्रम शुरू करने की घोषणा की है। दोनों तीन वर्षीय स्नातक कार्यक्रमों का पहला बैच 15 सितंबर 2026 से शुरू होने वाला है। इन पाठ्यक्रमों की फीस 15,000 रुपये प्रति सेमेस्टर निर्धारित की गई है। विश्वविद्यालय के अनुसार ऑनलाइन कार्यक्रमों का उद्देश्य भौगोलिक सीमाओं से बाहर जाकर अधिक विद्यार्थियों तक उच्च शिक्षा की पहुंच बनाना है।
पहली बार ऑनलाइन शिक्षा के मैदान में उतरा IP University
इंद्रप्रस्थ विश्वविद्यालय लंबे समय से दिल्ली-एनसीआर में व्यावसायिक और उच्च शिक्षा के प्रमुख संस्थानों में शामिल रहा है। अब विश्वविद्यालय ने अपने Centre for Distance and Online Education (CDOE) के माध्यम से ऑनलाइन शिक्षा का विस्तार शुरू किया है। CDOE की आधिकारिक जानकारी के अनुसार इसका उद्देश्य ऐसे विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा उपलब्ध कराना है, जो भौगोलिक दूरी, नौकरी, व्यक्तिगत जिम्मेदारियों या अन्य कारणों से पारंपरिक कक्षा में नियमित रूप से उपस्थित नहीं हो सकते।
विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. महेश वर्मा ने इस पहल को विश्वविद्यालय की पहुंच को व्यापक बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया है। रिपोर्ट के मुताबिक विश्वविद्यालय का लक्ष्य ऑनलाइन माध्यम के जरिये शिक्षा को भौगोलिक सीमाओं से आगे ले जाना है। यानी अब IP University से जुड़ी प्रबंधन और वाणिज्य शिक्षा के लिए विद्यार्थियों को हर दिन दिल्ली के कैंपस तक पहुंचने की आवश्यकता नहीं होगी।
15 सितंबर से शुरू होगी पढ़ाई, तीन साल का होगा कोर्स
ऑनलाइन BBA और B.Com दोनों कार्यक्रमों की अवधि तीन वर्ष रखी गई है। इन पाठ्यक्रमों का पहला बैच 15 सितंबर 2026 से शुरू होगा। दोनों कार्यक्रमों को राष्ट्रीय शिक्षा नीति यानी NEP 2020 के अनुरूप मल्टीपल एंट्री और एग्जिट विकल्पों के साथ तैयार किया गया है।
मल्टीपल एंट्री-एग्जिट व्यवस्था का उद्देश्य उच्च शिक्षा को अधिक लचीला बनाना है। इसका मतलब यह है कि शिक्षा के दौरान परिस्थितियां बदलने पर विद्यार्थियों के लिए अलग-अलग स्तरों पर अकादमिक प्रगति और प्रमाण-पत्र से जुड़े विकल्प उपलब्ध हो सकते हैं। हालांकि इन विकल्पों की सटीक शर्तें और किस स्तर पर कौन-सी योग्यता प्रदान की जाएगी, इसके लिए विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय द्वारा जारी आधिकारिक प्रवेश विवरणिका और नियमों को देखना चाहिए।
फीस 15 हजार रुपये प्रति सेमेस्टर, यानी तीन साल की पढ़ाई का अनुमान
IP University ने ऑनलाइन BBA और B.Com दोनों के लिए 15,000 रुपये प्रति सेमेस्टर फीस तय की है। तीन वर्ष के छह सेमेस्टर मानें तो केवल घोषित सेमेस्टर फीस के आधार पर कुल अकादमिक शुल्क 90,000 रुपये बैठता है। हालांकि विद्यार्थियों को प्रवेश, परीक्षा, अध्ययन सामग्री या अन्य संभावित शुल्कों के बारे में अंतिम जानकारी विश्वविद्यालय की आधिकारिक शुल्क संरचना से ही लेनी चाहिए।
फीस संरचना ऑनलाइन स्नातक शिक्षा के इच्छुक विद्यार्थियों के लिए महत्वपूर्ण हो सकती है। खासकर वे छात्र जो नियमित कॉलेज में पढ़ाई के साथ आने-जाने, रहने और अन्य खर्चों को भी वहन नहीं करना चाहते, उनके लिए ऑनलाइन शिक्षा का मॉडल अलग तरह की सुविधा उपलब्ध कराता है। हालांकि किसी भी ऑनलाइन डिग्री का चुनाव केवल फीस देखकर नहीं किया जाना चाहिए। पाठ्यक्रम की मान्यता, विश्वविद्यालय की आधिकारिक स्थिति, परीक्षा व्यवस्था, विद्यार्थी सहायता और डिग्री की उपयोगिता जैसे पहलुओं की भी जांच जरूरी है।
पढ़ाई सिर्फ रिकॉर्डेड वीडियो तक सीमित नहीं होगी
ऑनलाइन शिक्षा को लेकर विद्यार्थियों की सबसे बड़ी चिंता अक्सर यह रहती है कि क्या उन्हें केवल रिकॉर्डेड लेक्चर देखने होंगे या शिक्षकों से संवाद का भी अवसर मिलेगा। IP University के नए कार्यक्रमों में इस पहलू पर विशेष ध्यान देने की बात सामने आई है।
रिपोर्टों के अनुसार कार्यक्रम SWAYAM-सक्षम Learning Management System (LMS) के माध्यम से संचालित किए जाएंगे। विद्यार्थियों को रिकॉर्डेड लेक्चर, ई-कंटेंट और अन्य डिजिटल अध्ययन संसाधन उपलब्ध कराए जाएंगे। इसके अलावा प्रत्येक सप्ताह लाइव इंटरैक्टिव सत्र भी आयोजित किए जाएंगे, जिनमें विद्यार्थी कोर्स कोऑर्डिनेटर और शिक्षकों के साथ बातचीत कर सकेंगे तथा अपने प्रश्नों का समाधान पा सकेंगे।
इस मॉडल में रिकॉर्डेड और लाइव दोनों प्रकार की पढ़ाई को जोड़ा गया है। इसका फायदा यह हो सकता है कि विद्यार्थी अपनी सुविधा के अनुसार रिकॉर्डेड सामग्री देख सके और कठिन विषयों या शंकाओं के लिए लाइव सत्र का इस्तेमाल कर सके।
IIT Madras के सहयोग से तैयार होगा ऑनलाइन लर्निंग सिस्टम
IP University की ऑनलाइन शिक्षा पहल की एक उल्लेखनीय विशेषता इसका IIT Madras के साथ संस्थागत सहयोग है। विश्वविद्यालय के CDOE की आधिकारिक जानकारी के अनुसार SWAYAM-सक्षम Learning Management System को सक्षम बनाने के लिए IIT Madras के साथ MoU किया गया है।
यह सहयोग तकनीकी स्तर पर ऑनलाइन शिक्षा के लिए एक डिजिटल ढांचा उपलब्ध कराने में मदद करेगा। हालांकि इसका अर्थ यह नहीं है कि BBA या B.Com की डिग्री IIT Madras द्वारा प्रदान की जाएगी। विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय और कार्यक्रम से संबंधित डिग्री, पाठ्यक्रम तथा प्रमाणन की जानकारी आधिकारिक विवरणिका से ही समझनी चाहिए।
शिक्षकों और संबद्ध कॉलेजों के अनुभव का भी इस्तेमाल
ऑनलाइन पाठ्यक्रम तैयार करने में IP University और उसके संबद्ध कॉलेजों के शिक्षकों के योगदान की बात भी सामने आई है। रिपोर्टों के मुताबिक अकादमिक कंटेंट को तैयार करने में विश्वविद्यालय और उससे जुड़े संस्थानों के फैकल्टी सदस्यों ने योगदान दिया है। इससे ऑनलाइन पाठ्यक्रम में विश्वविद्यालय के मौजूदा अकादमिक अनुभव को शामिल करने की कोशिश दिखाई देती है।
ऑनलाइन शिक्षा में पाठ्यक्रम की गुणवत्ता केवल वीडियो लेक्चर की संख्या से तय नहीं होती। कंटेंट की संरचना, नियमित मूल्यांकन, शिक्षक-विद्यार्थी संवाद, डिजिटल संसाधन और समय पर अकादमिक सहायता भी महत्वपूर्ण होते हैं। IP University की नई व्यवस्था में मेंटरिंग और learner support को भी शामिल किया गया है।
किन विद्यार्थियों के लिए उपयोगी हो सकता है ऑनलाइन BBA?
BBA यानी Bachelor of Business Administration उन विद्यार्थियों के बीच लोकप्रिय स्नातक कार्यक्रम है जो प्रबंधन, मार्केटिंग, मानव संसाधन, व्यवसाय संचालन, उद्यमिता और कॉर्पोरेट क्षेत्र से जुड़ी शिक्षा में रुचि रखते हैं। ऑनलाइन माध्यम उन छात्रों के लिए विशेष रूप से उपयोगी हो सकता है जो किसी कारण से नियमित कॉलेज नहीं कर पा रहे हैं।
काम करने वाले युवाओं, दूसरे शहर में रहने वाले विद्यार्थियों, परिवार या अन्य जिम्मेदारियों के कारण नियमित कक्षा में शामिल नहीं हो सकने वाले छात्रों तथा लचीले अध्ययन विकल्प चाहने वालों के लिए यह मॉडल आकर्षक हो सकता है। IP University का CDOE भी अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर कामकाजी पेशेवरों और अलग-अलग व्यक्तिगत परिस्थितियों वाले विद्यार्थियों के लिए flexible, technology-enabled learning पर जोर देता है।
हालांकि BBA करने वाले विद्यार्थियों को केवल डिग्री पर निर्भर रहने के बजाय डिजिटल मार्केटिंग, डेटा विश्लेषण, संचार कौशल, एक्सेल, प्रेजेंटेशन, इंटर्नशिप और अन्य रोजगारपरक कौशल पर भी ध्यान देना चाहिए। ऑनलाइन डिग्री के साथ व्यावहारिक अनुभव करियर की संभावनाओं को मजबूत कर सकता है।
B.Com करने वालों के लिए क्या बदलेगा?
B.Com यानी Bachelor of Commerce वाणिज्य और कारोबारी अध्ययन से जुड़ा प्रमुख स्नातक कार्यक्रम है। इसमें सामान्य तौर पर अकाउंटिंग, बिजनेस, अर्थशास्त्र, वित्त और वाणिज्य से जुड़े विषयों की पढ़ाई होती है। ऑनलाइन B.Com उन विद्यार्थियों के लिए विकल्प बन सकता है जो आगे चलकर वित्त, अकाउंटिंग, बैंकिंग, व्यवसाय या प्रतियोगी एवं प्रोफेशनल परीक्षाओं की दिशा में आगे बढ़ना चाहते हैं।
हालांकि B.Com के साथ CA, CMA, CS या अन्य प्रोफेशनल योग्यता हासिल करने की योजना बना रहे विद्यार्थियों को दोनों पाठ्यक्रमों की आवश्यकताओं को अलग-अलग समझना चाहिए। केवल ऑनलाइन B.Com में प्रवेश लेना इन पेशेवर परीक्षाओं की सभी शर्तों को स्वतः पूरा नहीं करता।
NEP 2020 के अनुरूप मल्टीपल एंट्री और एग्जिट का क्या मतलब?
नई शिक्षा नीति 2020 में उच्च शिक्षा को अधिक लचीला और विद्यार्थी-केंद्रित बनाने पर जोर दिया गया है। IP University के ऑनलाइन BBA और B.Com में इसी दृष्टिकोण के अनुरूप multiple entry और exit व्यवस्था शामिल की गई है।
इस व्यवस्था का व्यापक उद्देश्य उन विद्यार्थियों को लचीलापन देना है जिनकी पढ़ाई किसी कारण से बीच में रुक सकती है। पारंपरिक व्यवस्था में डिग्री पूरी किए बिना पढ़ाई छोड़ने पर विद्यार्थी के पास सीमित औपचारिक विकल्प होते थे। नई व्यवस्था में विभिन्न चरणों पर मान्य अकादमिक उपलब्धियों की संरचना विकसित करने की कोशिश की गई है।
लेकिन विद्यार्थियों को इस सुविधा की वास्तविक अवधि, क्रेडिट, प्रमाण-पत्र और पुनः प्रवेश से जुड़े नियमों की जानकारी आधिकारिक कार्यक्रम विवरणिका से लेनी चाहिए।
IP University आगे कौन-कौन से ऑनलाइन कोर्स लाएगा?
विश्वविद्यालय ने ऑनलाइन शिक्षा का विस्तार केवल BBA और B.Com तक सीमित रखने का संकेत नहीं दिया है। रिपोर्टों के अनुसार आने वाले समय में Master of Computer Applications (MCA), MA in Mass Communication और PG Diploma in Healthcare Management जैसे तीन अन्य कार्यक्रम भी ऑनलाइन मोड में शुरू करने की योजना है।
यदि यह विस्तार निर्धारित योजना के अनुसार होता है तो IP University का CDOE प्रबंधन और वाणिज्य से आगे कंप्यूटर, मीडिया और हेल्थकेयर शिक्षा के क्षेत्रों में भी ऑनलाइन विकल्प उपलब्ध करा सकता है।
ऑनलाइन डिग्री लेने से पहले विद्यार्थियों को किन बातों की जांच करनी चाहिए?
ऑनलाइन शिक्षा का विस्तार तेजी से हो रहा है, लेकिन विद्यार्थी को किसी भी कार्यक्रम में प्रवेश लेने से पहले कुछ मूलभूत बातों की पुष्टि जरूर करनी चाहिए। सबसे पहले विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट और प्रवेश पोर्टल पर कार्यक्रम की जानकारी देखें। इसके बाद पाठ्यक्रम की अवधि, फीस, परीक्षा पद्धति, प्रवेश पात्रता, अध्ययन सामग्री, डिग्री प्रदान करने की व्यवस्था और विद्यार्थी सहायता से संबंधित नियमों को पढ़ना चाहिए।
IP University ने 2026-27 के लिए अपना आधिकारिक प्रवेश पोर्टल भी उपलब्ध कराया है और विश्वविद्यालय अपनी प्रवेश सूचनाओं के लिए आधिकारिक वेबसाइट तथा प्रवेश पोर्टल की ओर निर्देशित करता है।
इसके अलावा किसी निजी एजेंट या अनधिकृत वेबसाइट के दावे पर भरोसा करने के बजाय सीधे विश्वविद्यालय से जानकारी लेना बेहतर है। खास तौर पर ऑनलाइन डिग्री के मामले में मान्यता और नियामकीय स्थिति की पुष्टि करना विद्यार्थियों के हित में आवश्यक है।
ऑनलाइन शिक्षा के सामने चुनौती भी कम नहीं
IP University का ऑनलाइन BBA और B.Com शुरू करना अवसर के साथ कुछ चुनौतियां भी लेकर आता है। ऑनलाइन शिक्षा में विद्यार्थी को नियमित कक्षा जैसा वातावरण हमेशा नहीं मिलता। इसलिए समय प्रबंधन, आत्म-अनुशासन और डिजिटल संसाधनों का सही इस्तेमाल जरूरी हो जाता है।
रिकॉर्डेड लेक्चर उपलब्ध होने का फायदा तभी मिलेगा जब विद्यार्थी नियमित रूप से उन्हें देखे और असाइनमेंट तथा मूल्यांकन समय पर पूरा करे। इसी तरह लाइव सत्र में भाग लेना और शिक्षकों से संवाद करना सीखने की गुणवत्ता बढ़ा सकता है।
दूसरी ओर, ऑनलाइन शिक्षा उन विद्यार्थियों के लिए उपयोगी विकल्प बन सकती है जो स्थान और समय की बाधाओं के कारण पारंपरिक कॉलेज शिक्षा हासिल नहीं कर पाते। यही वह क्षेत्र है जहां CDOE की flexible learning की अवधारणा महत्वपूर्ण हो जाती है।
प्रवेश से जुड़ी जानकारी कहां मिलेगी?
ऑनलाइन BBA और B.Com के इच्छुक विद्यार्थियों को प्रवेश, पात्रता, आवेदन प्रक्रिया, फीस और कार्यक्रम से संबंधित विस्तृत जानकारी के लिए GGSIPU की आधिकारिक वेबसाइट और IPU Admission Portal को प्राथमिक स्रोत बनाना चाहिए। विश्वविद्यालय की 2026-27 प्रवेश वेबसाइट पर ऑनलाइन आवेदन और प्रवेश संबंधी जानकारी उपलब्ध कराई जा रही है।
GGSIPU Admission 2026-27
कैंपस से बाहर शिक्षा पहुंचाने की नई शुरुआत
IP University का ऑनलाइन BBA और B.Com शुरू करना विश्वविद्यालय की शिक्षा व्यवस्था में एक महत्वपूर्ण बदलाव है। 15 सितंबर 2026 से शुरू होने वाला पहला बैच, तीन वर्ष की अवधि और 15,000 रुपये प्रति सेमेस्टर फीस के साथ उन विद्यार्थियों के लिए नया विकल्प पेश करता है जो प्रबंधन और वाणिज्य की पढ़ाई ऑनलाइन करना चाहते हैं। SWAYAM-सक्षम LMS, रिकॉर्डेड लेक्चर, ई-कंटेंट, साप्ताहिक लाइव इंटरैक्टिव सत्र, मेंटरिंग और learner support को इस मॉडल का हिस्सा बनाया गया है।
इस पहल की सबसे बड़ी विशेषता केवल ऑनलाइन पढ़ाई शुरू करना नहीं, बल्कि एक स्थापित विश्वविद्यालय की अकादमिक व्यवस्था को डिजिटल माध्यम से अधिक विद्यार्थियों तक पहुंचाने का प्रयास है। IIT Madras के साथ तकनीकी सहयोग और NEP 2020 के अनुरूप multiple entry-exit व्यवस्था इस पहल को व्यापक संदर्भ देती है।
अब वास्तविक चुनौती इस मॉडल को प्रभावी ढंग से लागू करने की होगी। ऑनलाइन शिक्षा में गुणवत्तापूर्ण कंटेंट, समय पर परीक्षा, शिक्षक-विद्यार्थी संवाद, तकनीकी स्थिरता और डिग्री की अकादमिक विश्वसनीयता सबसे महत्वपूर्ण कसौटियां होंगी। विद्यार्थियों के लिए भी यह अवसर तभी सार्थक होगा जब वे ऑनलाइन सुविधा को केवल आसान पढ़ाई के रूप में नहीं, बल्कि नियमित और अनुशासित उच्च शिक्षा के विकल्प के रूप में अपनाएं।
IP University के लिए यह कदम पारंपरिक कैंपस शिक्षा से आगे बढ़कर डिजिटल उच्च शिक्षा के क्षेत्र में अपनी उपस्थिति दर्ज कराने की शुरुआत है। आने वाले समय में MCA, MA Mass Communication और Healthcare Management जैसे प्रस्तावित ऑनलाइन कार्यक्रम शुरू होते हैं तो विश्वविद्यालय की डिजिटल शिक्षा व्यवस्था का दायरा और व्यापक हो सकता है।






