रबड़ शीट फैक्टरी में भीषण आग: बिजली न कटने से बढ़ा खतरा, धमाकों से दहला इलाका
Share your love

संवाद 24 संवाददाता। आगरा के थाना हरीपर्वत क्षेत्र अंतर्गत सोंठ की मंडी स्थित विजय कुंज में जूते-चप्पल की रबड़ शीट बनाने वाली फैक्टरी में देर रात भीषण आग लग गई। आग इतनी भयावह थी कि फैक्टरी से उठती लपटों और धमाकों से पूरा इलाका थर्रा उठा। हालात उस समय और भी खतरनाक हो गए जब दमकल कर्मियों को पता चला कि फैक्टरी की बिजली सप्लाई अब भी चालू है।
एफएसओ संजय प्लेस सोमदत्त सोनकर के अनुसार, घटना की सूचना पर दमकल टीम मौके पर पहुंची तो फैक्टरी में बिजली चालू थी। पास ही टोरंट का जंक्शन बॉक्स होने के कारण आग बुझाने में बड़ा जोखिम था, क्योंकि पानी डालने पर करंट फैलने की आशंका थी। तत्काल टोरंट को बिजली आपूर्ति बंद करने के लिए संदेश भेजा गया, लेकिन काफी देर तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसी बीच दो बार जोरदार धमाके हुए, जिससे दमकलकर्मी बाल-बाल बच गए।
करीब आधे घंटे बाद बिजली सप्लाई बंद की गई, तब जाकर आग बुझाने का काम प्रभावी ढंग से शुरू हो सका। इस दौरान फैक्टरी में खड़ी एक बाइक और एक स्कूटर भी आग की चपेट में आकर जल गए।
दमकलकर्मियों ने रात लगभग 12 बजे आग पर काबू पा लिया था, लेकिन फर्श पर पड़े ज्वलनशील मलबे में दोबारा लपटें उठने लगीं। इससे अग्निशमन दल को देर रात तक मौके पर डटे रहकर आग पर पूरी तरह नियंत्रण पाना पड़ा।
फैक्टरी के ठीक पीछे बिल्लोचपुरा रेलवे स्टेशन है और प्लेटफॉर्म के पास ही हाईटेंशन बिजली लाइन गुजरती है। इसी वजह से दमकलकर्मी बेहद सतर्कता के साथ पानी की बौछार कर रहे थे। आग से उठे घने धुएं के कारण आसपास के लोगों को सांस लेने में दिक्कत होने लगी, जिससे वे घर छोड़कर दूर चले गए।
स्थानीय लोगों का कहना है कि फैक्टरी में रात के समय ज्यादा काम होता है और 10–12 मजदूर आम तौर पर काम करते हैं। हालांकि घटना के समय आसपास कोई आवासीय घर न होने से बड़ा हादसा टल गया। लोगों ने यह भी सवाल उठाया कि फैक्टरी में आग से बचाव के पर्याप्त इंतजाम थे या नहीं—इसकी जांच बेहद जरूरी है।
यह घटना न सिर्फ औद्योगिक सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े करती है, बल्कि आपात स्थिति में बिजली आपूर्ति शीघ्र बंद न होने जैसी गंभीर लापरवाही को भी उजागर करती है। अब उम्मीद की जा रही है कि प्रशासन इस मामले की गहन जांच कर जिम्मेदारों पर सख्त कार्रवाई करेगा






