
कन्नौज। सावन के पावन अवसर पर शुक्रवार को कन्नौज एक बार फिर भगवान भोलेनाथ की भक्ति में डूबने को तैयार है। हरदोई जिले के बिलग्राम से करीब 40 से 50 हजार कांवड़ियों का विशाल जत्था कन्नौज पहुंचने की संभावना है। कांवड़ियों के स्वागत, जलपान और भोजन के लिए शहर में व्यापक तैयारियां की गई हैं। जिला प्रशासन भी भीड़ और यातायात व्यवस्था को लेकर सतर्क है। हाल के वर्षों में भी बिलग्राम से आने वाले कांवड़ियों के कारण कन्नौज में इसी तरह व्यापक स्वागत और सुरक्षा व्यवस्था देखने को मिली है।
मेहंदी घाट से शुरू होगा सफर, बाबा गौरीशंकर के दरबार में होगा जलाभिषेक
हरदोई के बिलग्राम से आने वाले शिवभक्त कन्नौज के मेहंदी घाट पहुंचकर गंगा जल भरेंगे। इसके बाद कांवड़ यात्रा शहर के निर्धारित मार्ग से होते हुए सिद्धपीठ बाबा गौरीशंकर मंदिर पहुंचेगी, जहां श्रद्धालु भगवान शिव का जलाभिषेक करेंगे। जिला प्रशासन के अनुसार मेहंदी घाट कन्नौज में गंगा किनारे स्थित महत्वपूर्ण धार्मिक स्थल है, जबकि गौरीशंकर मंदिर शहर के प्रमुख धार्मिक स्थलों में शामिल है।
बोर्डिंग ग्राउंड में तैयार हो रहा विशाल भंडारा
कांवड़ियों की सेवा के लिए शहर के बोर्डिंग ग्राउंड में विशाल भंडारे की तैयारी की जा रही है। यहां बड़ी संख्या में शिवभक्तों के लिए भोजन और नाश्ते की व्यवस्था की गई है। पूड़ी-सब्जी, मिठाई सहित विभिन्न खाद्य पदार्थों की व्यवस्था के साथ महिला और पुरुष श्रद्धालुओं के लिए अलग-अलग स्टॉल बनाए जाने की तैयारी है। कन्नौज में पिछले वर्षों से भी कांवड़ियों के लिए बोर्डिंग मैदान में विशाल भंडारे की परंपरा चली आ रही है।
15 स्थानों पर स्वागत, शरबत से लेकर केले-बिस्किट तक की व्यवस्था
कांवड़ियों की अगवानी के लिए हरदोई मोड़ से बोर्डिंग ग्राउंड तक करीब तीन किलोमीटर के क्षेत्र में 14 से 15 स्थानों पर स्वागत एवं जलपान स्टॉल लगाए जा रहे हैं। इन स्थानों पर श्रद्धालुओं को शरबत, कोल्ड ड्रिंक, केला, बिस्किट सहित अन्य खाद्य सामग्री वितरित की जाएगी। जगह-जगह डीजे और भक्ति गीतों की भी व्यवस्था की गई है, जिससे कांवड़ यात्रा के दौरान पूरा मार्ग शिवभक्ति के रंग में रंगा नजर आएगा।
वर्षों पुरानी सेवा परंपरा, कांवड़ियों की अगवानी में जुटा शहर
बाबा गौरीशंकर कांवड़िया सेवा मंडल से जुड़े पदाधिकारियों के अनुसार कांवड़ियों की सेवा और स्वागत का यह सिलसिला लंबे समय से जारी है। कन्नौज में हर वर्ष बिलग्राम से आने वाले शिवभक्तों की सेवा के लिए स्थानीय लोग भी बढ़-चढ़कर भाग लेते हैं। पिछले वर्षों की कांवड़ यात्राओं में भी शहर की सड़कों पर जगह-जगह स्वागत, भंडारे और जलपान की व्यवस्था देखने को मिली है।
भारी भीड़ को देखते हुए यातायात व्यवस्था पर भी नजर
कांवड़ियों की बड़ी संख्या को देखते हुए यातायात व्यवस्था को लेकर भी विशेष तैयारी की गई है। शहर में भीड़ वाले मार्गों पर बैरिकेडिंग और आवश्यकतानुसार यातायात डायवर्जन की व्यवस्था की जा रही है, ताकि कांवड़ियों की आवाजाही सुचारु रहे और आम लोगों को भी अनावश्यक परेशानी न हो। पिछले कांवड़ आयोजनों में भी मेहंदी घाट से गौरीशंकर मंदिर तक पुलिस बल की तैनाती और रूट डायवर्जन किया गया था।
शिवभक्ति में रंगेगी इत्रनगरी
कांवड़ियों के आगमन के साथ ही कन्नौज की सड़कों पर ‘बम-बम भोले’ और ‘हर-हर महादेव’ के जयकारे गूंजने की तैयारी है। हजारों शिवभक्तों की मौजूदगी, जगह-जगह स्वागत शिविर और भंडारे के बीच इत्रनगरी का माहौल पूरी तरह शिवमय होने की उम्मीद है। कन्नौज का प्रसिद्ध बाबा गौरीशंकर मंदिर सावन में श्रद्धालुओं की विशेष आस्था का केंद्र बना रहता है।






