
संवाद 24 हरियाणा। फरीदाबाद में रविवार को एक दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को गमगीन कर दिया। एक जर्जर दीवार अचानक भरभराकर गिर गई, जिसकी चपेट में आने से आठ वर्षीय मासूम बच्ची की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय लोगों ने तुरंत राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम भी मौके पर पहुंच गई।
पलभर में बदली खुशियां मातम में
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हादसे के समय बच्ची समेत कई लोग दीवार के पास मौजूद थे। अचानक पुरानी दीवार ढह गई और उसके नीचे कई लोग दब गए। स्थानीय लोगों ने बिना समय गंवाए मलबा हटाना शुरू किया और घायलों को बाहर निकाला। सभी को तत्काल नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने आठ वर्षीय बच्ची को मृत घोषित कर दिया। अन्य तीन घायलों का इलाज जारी है।
प्रशासन ने शुरू की जांच
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे। घटनास्थल का निरीक्षण कर मलबा हटवाया गया और आसपास के क्षेत्र को सुरक्षित किया गया। अधिकारियों ने बताया कि यह पता लगाया जा रहा है कि दीवार किस कारण गिरी और कहीं निर्माण संबंधी लापरवाही तो जिम्मेदार नहीं थी। जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
जर्जर निर्माण बने चिंता का विषय
इस हादसे ने एक बार फिर पुराने और जर्जर भवनों तथा दीवारों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में कई स्थानों पर ऐसी कमजोर दीवारें और निर्माण मौजूद हैं, जिनकी समय रहते जांच और मरम्मत नहीं होने से भविष्य में भी बड़े हादसे हो सकते हैं। लोगों ने प्रशासन से ऐसे निर्माणों का सर्वे कर आवश्यक कार्रवाई की मांग की है।
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल
मासूम बच्ची की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। अस्पताल और घटनास्थल पर मौजूद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। पूरे इलाके में शोक का माहौल है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता देने और घायलों के बेहतर इलाज की व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है.
सुरक्षा मानकों पर जोर
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि यदि उनके आसपास कोई जर्जर दीवार या असुरक्षित निर्माण दिखाई दे तो उसकी सूचना तुरंत संबंधित विभाग को दें। अधिकारियों का कहना है कि ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए संवेदनशील स्थानों का निरीक्षण कराया जाएगा और जहां खतरा होगा वहां आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।






