
संवाद 24 डेस्क। भारतीय क्रिकेट का नया उभरता सितारा वैभव सूर्यवंशी एक बार फिर चर्चा के केंद्र में है। अपनी तूफानी बल्लेबाजी और कम उम्र में हासिल की गई बड़ी उपलब्धियों के कारण सुर्खियां बटोरने वाले वैभव अब एक ऐसे कारण से खबरों में हैं, जिसने क्रिकेट प्रशंसकों को हैरान कर दिया है। इंग्लैंड दौरे पर टीम इंडिया का हिस्सा बनने के बावजूद उन्हें बाकी खिलाड़ियों जैसी ड्रेसिंग रूम सुविधाएं नहीं मिलेंगी।
इंग्लैंड पहुंचते ही सामने आया चौंकाने वाला नियम
भारतीय टीम के इंग्लैंड दौरे के दौरान एक ऐसा नियम सामने आया है, जिसके बारे में बहुत कम लोग जानते हैं। चूंकि वैभव की उम्र अभी 16 साल से कम है, इसलिए वहां लागू सुरक्षा और संरक्षण संबंधी नियम उन पर भी लागू होंगे। इसी वजह से उन्हें सीनियर खिलाड़ियों के साथ एक ही ड्रेसिंग रूम का उपयोग करने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
टीम इंडिया के साथ सफर, लेकिन सुविधा होगी अलग
हालांकि वैभव भारतीय टीम के आधिकारिक सदस्य हैं और पूरे दौरे में टीम के साथ रहेंगे, लेकिन उनके लिए अलग से व्यवस्था की गई है। उन्हें कपड़े बदलने और निजी तैयारियों के लिए एक अलग कमरा उपलब्ध कराया जाएगा। इससे यह सुनिश्चित किया जाएगा कि सभी सुरक्षा मानकों का पालन हो और युवा खिलाड़ी को किसी तरह की असुविधा न हो।
ड्रेसिंग रूम नहीं, फिर भी टीम का रहेंगे अहम हिस्सा
इस नियम का मतलब यह बिल्कुल नहीं है कि वैभव को टीम से अलग रखा जाएगा। वह टीम मीटिंग्स में शामिल होंगे, कोचिंग स्टाफ से बातचीत करेंगे और मैच की रणनीतियों का हिस्सा भी बनेंगे। मैदान पर और टीम गतिविधियों में उनकी भूमिका अन्य खिलाड़ियों की तरह ही रहेगी। फर्क सिर्फ इतना होगा कि निजी ड्रेसिंग सुविधाओं के लिए उन्हें अलग व्यवस्था का उपयोग करना होगा।
15 साल की उम्र में बना चुके हैं करोड़ों दिलों की धड़कन
वैभव सूर्यवंशी ने बेहद कम समय में क्रिकेट जगत में अपनी खास पहचान बनाई है। उनकी आक्रामक बल्लेबाजी और बड़े शॉट खेलने की क्षमता ने उन्हें युवा क्रिकेटरों की भीड़ से अलग खड़ा कर दिया है। घरेलू क्रिकेट से लेकर बड़े मंचों तक उन्होंने अपने प्रदर्शन से चयनकर्ताओं और विशेषज्ञों को प्रभावित किया है।
टीम इंडिया में जगह बनाकर रचा नया इतिहास
कम उम्र में राष्ट्रीय टीम तक पहुंचना किसी भी खिलाड़ी के लिए आसान नहीं होता, लेकिन वैभव ने अपनी प्रतिभा के दम पर यह मुकाम हासिल किया है। क्रिकेट जानकारों का मानना है कि उनमें भविष्य का बड़ा स्टार बनने की पूरी क्षमता है। यही कारण है कि उन्हें इतनी कम उम्र में अंतरराष्ट्रीय स्तर का अनुभव देने की तैयारी की जा रही है।
विदेशी दौरे पर परिवार भी बनेगा सबसे बड़ा सहारा
इतनी कम उम्र में विदेशी दौरे का दबाव संभालना आसान नहीं होता। इसी को ध्यान में रखते हुए उनके परिवार को भी उनके साथ रहने की व्यवस्था दी गई है। इससे युवा बल्लेबाज को मानसिक मजबूती मिलेगी और वह पूरी तरह अपने खेल पर ध्यान केंद्रित कर पाएंगे।
क्या जल्द टूटेगा भारतीय क्रिकेट का बड़ा रिकॉर्ड?
क्रिकेट प्रशंसकों की नजर अब इस बात पर टिकी है कि वैभव को मैदान पर मौका कब मिलता है। अगर उन्हें जल्द ही अंतरराष्ट्रीय मैच खेलने का अवसर मिलता है, तो वह भारतीय क्रिकेट के सबसे कम उम्र के खिलाड़ियों की सूची में एक बड़ा रिकॉर्ड अपने नाम कर सकते हैं। उनकी प्रतिभा को देखते हुए उम्मीद की जा रही है कि वह मौके को दोनों हाथों से भुनाने की कोशिश करेंगे।
नियम बना चर्चा का विषय, लेकिन निगाहें प्रदर्शन पर
वैभव के लिए बनाई गई अलग ड्रेसिंग रूम व्यवस्था फिलहाल क्रिकेट जगत में चर्चा का विषय बनी हुई है। हालांकि यह सिर्फ सुरक्षा नियमों का हिस्सा है, लेकिन इससे युवा बल्लेबाज की लोकप्रियता और बढ़ गई है। अब सभी की निगाहें इस बात पर हैं कि क्रिकेट का यह नया सितारा इंग्लैंड की धरती पर अपने बल्ले से कितना बड़ा धमाका करता है।






