
कन्नौज। जिले के तालग्राम क्षेत्र के मायापुरवा और किशनपुर गांवों में बुखार के बढ़ते मामलों ने ग्रामीणों की चिंता बढ़ा दी है। स्थानीय स्तर पर अब तक नौ लोगों की मौत होने की जानकारी सामने आई है। हालांकि, स्वास्थ्य विभाग ने इन मौतों का कारण बुखार होने की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। ऐसे में बीमारी के वास्तविक कारणों का पता लगाने और संक्रमण की स्थिति पर नियंत्रण पाने के लिए स्वास्थ्य विभाग की टीमें सक्रिय हैं।
स्वास्थ्य शिविरों में मरीजों की जांच, दवाओं का वितरण
प्राप्त जानकारी के अनुसार, दोनों गांवों में स्वास्थ्य शिविर लगाकर बीमार लोगों की जांच की जा रही है। मायापुरवा गांव में चिकित्सक डॉ. मोहसिन जमा ने 30 मरीजों की जांच की, जबकि एएलटी वीर सिंह ने 10 बीमार लोगों के रक्त के नमूने लिए। वहीं, किशनपुर गांव में डॉ. सौम्या गंगवार और भानु तिवारी की टीम ने 35 मरीजों की जांच कर उन्हें आवश्यक दवाएं उपलब्ध कराईं।
मच्छरों के लार्वा नष्ट करने के लिए छिड़काव
जिला मलेरिया एवं संचारी रोग नियंत्रण अभियान के नोडल अधिकारी डॉ. आतिफ की टीम ने गुरुवार को दोनों गांवों का दौरा कर स्वास्थ्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान मच्छरों के लार्वा को नष्ट करने के लिए दवा का छिड़काव कराया गया। ग्रामीणों को साफ-सफाई बनाए रखने, आसपास पानी जमा न होने देने और मच्छरों से बचाव के उपाय अपनाने के प्रति जागरूक भी किया गया।
मौतों के कारण की पुष्टि होना बाकी
दोनों गांवों में नौ लोगों की मौत की जानकारी सामने आने के बाद बीमारी की गंभीरता को लेकर सवाल उठ रहे हैं। हालांकि, इन मौतों को बुखार से जोड़ने के लिए अभी आधिकारिक पुष्टि उपलब्ध नहीं है। मौतों के वास्तविक कारणों का निर्धारण चिकित्सकीय जांच और संबंधित अभिलेखों के आधार पर ही किया जा सकता है।
स्वास्थ्य विभाग की निगरानी जारी
छिबरामऊ सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र की प्रभारी डॉ. कुमारील मैत्रेय के अनुसार, स्वास्थ्य विभाग की टीमें लगातार निगरानी कर रही हैं। मरीजों की जांच, उपचार और बीमारी से बचाव के लिए आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं। ग्रामीणों को भी बुखार आने पर लापरवाही न बरतने और समय से चिकित्सकीय सलाह लेने की अपील की गई है।






