
फर्रुखाबाद के मऊ दरवाजा क्षेत्र में दिनदहाड़े वारदात से दहशत, सीसीटीवी में दिखे पांच से छह युवक
फर्रुखाबाद के मऊ दरवाजा थाना क्षेत्र में एक दूध विक्रेता के साथ मारपीट और नकदी लूटे जाने का मामला सामने आया है। घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल है। पुलिस ने शिकायत मिलने के बाद घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी है। शुरुआती जांच में फुटेज में पांच से छह युवक दिखाई देने की बात सामने आई है।
पुलिस को दी गई तहरीर के मुताबिक, बुडनपुर गांव निवासी पारस यादव शहर में दूध बेचने का काम करते हैं। रविवार को वह रोज की तरह दूध बांटने निकले थे। इसी दौरान वह एक कार खरीदने के लिए तय किए गए भुगतान की रकम भी अपने साथ लेकर जा रहे थे।
बताया गया है कि पारस यादव ने पल्ला निवासी एक व्यक्ति से कार खरीदने का सौदा किया था। इसके लिए वह पहले ही 70 हजार रुपये एडवांस दे चुके थे। रविवार को उन्हें शेष भुगतान करना था, जिसके लिए वह घर से करीब 2.20 लाख रुपये लेकर निकले थे। रकम उन्होंने अपने झोले में रखी हुई थी।
आरोप है कि जब पारस शहर के मोहल्ला सूफी खां स्थित एक गली में मंदिर के पास पहुंचे, तभी दो मोटरसाइकिलों पर सवार पांच से छह युवक वहां पहुंचे। युवकों ने उन्हें रोक लिया और गाली-गलौज शुरू कर दी। विरोध करने पर उनके साथ मारपीट की गई। इसी दौरान झोले में रखी नकदी भी निकाल ली गई।
पीड़ित के मुताबिक, उसने शोर मचाया तो आसपास के लोग मौके की ओर दौड़े, लेकिन तब तक आरोपी फरार हो चुके थे। घटना के बाद पारस यादव ने मऊ दरवाजा थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस का कहना है कि मामले की जांच गंभीरता से की जा रही है। घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज देखी जा रही है और स्थानीय लोगों से भी पूछताछ की जा रही है। सीओ सिटी अभय वर्मा ने बताया कि दूधिया से मारपीट की घटना सामने आई है। सीसीटीवी फुटेज में पांच से छह लड़के दिखाई दे रहे हैं। पुलिस उनकी पहचान करने और पूरे घटनाक्रम की सच्चाई जानने में जुटी हुई है।
पुलिस जांच के केंद्र में कार सौदा और हमलावरों की पहचान
जांच एजेंसियों की नजर अब कार खरीद-फरोख्त के उस सौदे पर भी है, जिसके लिए पारस यादव नकदी लेकर निकले थे। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि हमलावरों को इतनी बड़ी रकम की जानकारी पहले से थी या नहीं। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि घटना पूर्व नियोजित थी या मौके पर विवाद बढ़ने के बाद वारदात को अंजाम दिया गया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि जिस तरह से आरोपियों ने सुनसान गली के पास पारस को रोका, उससे मामला पहले से रेकी किए जाने का भी लग रहा है। हालांकि पुलिस फिलहाल सभी पहलुओं पर जांच कर रही है और अभी किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से बच रही है।






