बेकाबू स्कार्पियो की टक्कर से 10 वर्षीय छात्र की मौत, गांव में शोक की लहर
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संवाद 24 संवाददाता। जनपद के मोहम्मदाबाद थाना क्षेत्र अंतर्गत नहरइया गांव में रविवार शाम एक दर्दनाक सड़क हादसे में 10 वर्षीय छात्र की जान चली गई। गली में अन्य बच्चों के साथ खेल रहे बालक को तेज रफ्तार स्कार्पियो ने टक्कर मार दी, जिससे उसकी मौके पर ही हालत गंभीर हो गई। अस्पताल पहुंचते-पहुंचते उसने दम तोड़ दिया। घटना के बाद पूरे गांव में मातम पसर गया।
जानकारी के अनुसार नहरइया गांव निवासी प्रहलाद सिंह का पुत्र प्रशांत (10), जो कक्षा पांच का छात्र था, रविवार शाम लगभग सवा पांच बजे अपने साथियों के साथ घर के पास गली में खेल रहा था। इसी दौरान तेज गति से आ रही एक स्कार्पियो गली में घुसी और सीधे बच्चे को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि बालक कई फीट दूर जा गिरा और गंभीर रूप से घायल हो गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक हादसे के बाद चालक वाहन लेकर मौके से भागने की कोशिश करने लगा, लेकिन ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए उसका पीछा किया और कुछ दूरी पर पकड़ लिया। इसके बाद घायल बालक को उसी वाहन से आवास विकास तिराहा स्थित एक निजी अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया।
प्रशांत चार भाई-बहनों में दूसरे नंबर पर था। बड़ा भाई शिवकुमार, छोटा भाई निशांत और बहन भावना है। बेटे की मौत की खबर मिलते ही मां सोनी का रो-रोकर बुरा हाल है, जबकि पिता प्रहलाद सिंह भी गहरे सदमे में हैं। परिजनों के अनुसार वाहन की गति अत्यधिक तेज थी और चालक लापरवाही से गाड़ी चला रहा था।
घटना की सूचना मिलने पर कादरीगेट थाना पुलिस मौके पर पहुंची और वाहन को कब्जे में ले लिया। पुलिस ने परिजनों व ग्रामीणों से पूछताछ कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। मामले में तहरीर के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
हादसे के बाद ग्रामीणों में आक्रोश भी देखा गया। लोगों का कहना है कि गांव की संकरी गलियों में अक्सर बाहरी वाहन तेज गति से गुजरते हैं, जिससे बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा खतरे में रहती है। ग्रामीणों ने प्रशासन से गांव के भीतर गति नियंत्रण, स्पीड ब्रेकर और निगरानी बढ़ाने की मांग की है।यह घटना एक बार फिर रिहायशी इलाकों में तेज रफ्तार और लापरवाह ड्राइविंग के गंभीर खतरे को उजागर करती है। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते यातायात नियमों का सख्ती से पालन कराया जाए, तो ऐसे हादसों को रोका जा सकता है।






