24 फरवरी 2026 का वैदिक पंचांग एवं राशिफल
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संवाद 24 आचार्य मधुसूदन अग्निहोत्री।
वैदिक पंचांग
अंग्रेजी दिनांक – 24 फरवरी 2026, मंगलवार
कालगणना
कलियुग – 5127
विक्रम संवत् – 2082
शक संवत् – 1947
सम्वत्सर – सिद्धार्थी
अयन – उत्तरायण
ऋतु – वसंत
मास, पक्ष एवं वार विवरण
मास – फाल्गुन
पक्ष – शुक्ल
तिथि – सप्तमी सुबह 07:25 तक, तत्पश्चात् अष्टमी
वार – मंगलवार
नक्षत्र, योग एवं करण
नक्षत्र – कृत्तिका दोपहर 03:14 तक, तत्पश्चात् रोहिणी
योग – इन्द्र सुबह 08:42 तक, तत्पश्चात् वैधृति
करण – वणिज सुबह 06:18 तक, तत्पश्चात् विष्टि (भद्रा) शाम 05:22 तक, फिर बव
चंद्र गोचर – वृषभ राशि (पूरा दिन)
सूर्य, काल एवं मुहूर्त (फर्रुखाबाद स्थानीय समय)
सूर्योदय – 06:51
सूर्यास्त – 06:18
अभिजित मुहूर्त – दोपहर 12:12 से 12:55 तक
निशिता मुहूर्त – रात्रि 12:09 से 01:02 तक (25 फरवरी)
राहुकाल – दोपहर 03:18 से शाम 04:42 तक
दिशाशूल – उत्तर दिशा में (मंगलवार होने के कारण)
पंचक – नहीं है
भद्रा – सुबह 06:18 से शाम 05:22 तक (स्वर्ग लोक की भद्रा)
व्रत-पर्व विवरण
आज फाल्गुन शुक्ल अष्टमी है। आज से “होलाष्टक” प्रारंभ हो रहे हैं (होली से आठ दिन पूर्व)। आज का दिन “होलिकाष्टक प्रारंभ” और “लक्ष्मी बाई जयंती” (तिथि अनुसार) के रूप में भी महत्वपूर्ण है। मंगलवार और अष्टमी का संयोग शक्ति उपासना के लिए विशेष फलदायी है।
विशेष जानकारी
आज चन्द्रमा अपनी उच्च राशि वृषभ में गोचर करेंगे। दोपहर 01:54 के बाद चन्द्रमा का नक्षत्र रोहिणी होगा, जो मानसिक सुख, शांति और सृजनात्मक कार्यों के लिए अत्यंत शुभ है। आज से अगले आठ दिनों तक मांगलिक कार्य (विवाह, मुंडन, गृह प्रवेश आदि) होलाष्टक के कारण वर्जित रहेंगे, किंतु जप-तप और साधना के लिए यह समय श्रेष्ठ है।
दिशा-विवेक
पूर्व और दक्षिण दिशा में यात्रा आज अत्यंत शुभ।
उत्तर दिशा में यात्रा आवश्यक हो तो गुड़ खाकर प्रस्थान करें।
सोते समय सिर पूर्व अथवा दक्षिण दिशा की ओर रखें।

आज का राशिफल 24 फरवरी 2026, मंगलवार
मेष (चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, अ)
आज वाणी में मधुरता रहेगी जिससे पारिवारिक विवाद सुलझेंगे। धन लाभ के योग हैं। उच्च राशि का चन्द्रमा आपके संचित धन में वृद्धि कराएगा। शाम का समय परिवार के साथ सुखद बीतेगा।
उपाय – हनुमान जी को लाल पुष्प अर्पित करें।
वृषभ (ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो)
चन्द्रमा आपकी ही राशि में उच्च के होकर गोचर कर रहे हैं। आत्मविश्वास चरम पर रहेगा। आपकी कार्यशैली में निखार आएगा। सोचे हुए कार्य समय पर पूरे होंगे। मान-सम्मान में वृद्धि होगी।
उपाय – मस्तक पर सफेद चंदन का तिलक लगाएं।
मिथुन (का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, ह)
आज खर्चों की अधिकता रह सकती है। बाहरी संपर्कों से लाभ होगा, लेकिन व्यर्थ की भागदौड़ से बचें। शाम के बाद मानसिक शांति महसूस होगी। किसी मांगलिक उत्सव में शामिल होने का अवसर मिलेगा।
उपाय – भगवान गणेश को सिंदूर चढ़ाएं।
कर्क (ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो)
आय के नए स्रोत बनेंगे। पुराने मित्रों का सहयोग मिलेगा। आज आप जो भी योजना बनाएंगे, उसमें सफलता मिलने की पूरी संभावना है। प्रेम संबंधों में मधुरता आएगी।
उपाय – हनुमान चालीसा का पाठ करें।
सिंह (मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे)
कार्यक्षेत्र में आपकी धाक जमेगी। व्यापारिक दृष्टिकोण से आज का दिन बहुत लाभदायक है। पिता के सहयोग से कोई बड़ा कार्य संपन्न होगा। नई जिम्मेदारी मिल सकती है।
उपाय – सूर्य देव को अर्घ्य दें।
कन्या (टो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो)
भाग्य का पूर्ण साथ मिलेगा। आज आपकी रुचि धर्म-कर्म में अधिक रहेगी। व्यापारिक यात्राएं सफल रहेंगी। उच्च शिक्षा के लिए प्रयासरत छात्रों को शुभ समाचार प्राप्त होगा।
उपाय – बजरंग बाण का पाठ करें।
तुला (रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते)
आज चन्द्रमा का अष्टम गोचर स्वास्थ्य के प्रति सचेत रहने का संकेत दे रहा है। अचानक कोई खर्च सामने आ सकता है। हालांकि, शोध और गुप्त विद्याओं से जुड़े लोगों को आज सफलता मिलेगी।
उपाय – शिवलिंग पर जल और काले तिल अर्पित करें।
वृश्चिक (तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू)
दाम्पत्य जीवन सुखमय रहेगा। जीवनसाथी के नाम से किया गया निवेश लाभ दिलाएगा। व्यापार में नई साझेदारी के योग हैं। सार्वजनिक जीवन में आपकी प्रतिष्ठा बढ़ेगी।
उपाय – हनुमान जी के चरणों का सिंदूर लगाएं।
धनु (ये, यो, भा, भी, भू, ध, फा, ढा, भे)
शत्रुओं पर विजय प्राप्त होगी। पुराने रोगों से मुक्ति मिलेगी। कोर्ट-कचहरी के मामलों में सफलता मिल सकती है। कार्यक्षेत्र में आपकी कार्यकुशलता की सराहना होगी।
उपाय – मस्तक पर केसर का तिलक लगाएं।
मकर (भो, जा, जी, खी, खू, खा, खो, गा, गी)
विद्यार्थियों के लिए आज का दिन बहुत अच्छा है। संतान की ओर से मान-सम्मान की प्राप्ति होगी। बौद्धिक चर्चाओं में आपकी जीत होगी। आकस्मिक धन लाभ के योग हैं।
उपाय – शनि मंदिर में दीप जलाएं।
कुंभ (गु, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा)
घरेलू सुख-साधनों में वृद्धि होगी। माता का पूर्ण सहयोग और आशीर्वाद मिलेगा। कार्यक्षेत्र में थोड़ा दबाव महसूस कर सकते हैं, लेकिन शाम तक सब अनुकूल हो जाएगा।
उपाय – सुंदरकांड का पाठ करें।
मीन (दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची)
पराक्रम और साहस बढ़ा रहेगा। भाई-बहनों का सहयोग मिलेगा। छोटी दूरी की व्यापारिक यात्राएं लाभदायक रहेंगी। आर्थिक स्थिति में सुधार होगा और मन प्रसन्न रहेगा।
उपाय – भगवान विष्णु को पीले फूल अर्पित करें।

