मऊ में फर्जी मार्कशीट व धन हड़पने का मामला, नर्सिंग स्कूल के प्रबंधक और प्रधानाचार्य पर केस दर्ज
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संवाद 24 मऊ। शिक्षा के क्षेत्र से जुड़ा एक गंभीर धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। सूर्या स्कूल ऑफ नर्सिंग एंड पैरामेडिकल साइंस के प्रबंधक और प्रधानाचार्य के खिलाफ फर्जी अंकपत्र व प्रमाण पत्र जारी कर लाखों रुपये हड़पने के आरोप में शहर कोतवाली पुलिस ने न्यायालय के आदेश पर मुकदमा दर्ज किया है।
मामले में गाजीपुर जनपद के मरदह थाना क्षेत्र अंतर्गत घरिहा गांव निवासी राकेश यादव ने आरोप लगाया है कि उनकी मुलाकात मऊ के भुजौटी सिविल लाइंस निवासी अवनीश पांडेय से हुई, जिसने स्वयं को सूर्या स्कूल ऑफ नर्सिंग का प्रबंधक बताया। आरोप है कि अवनीश पांडेय ने स्कूल को पूर्णतः पंजीकृत बताते हुए यह भरोसा दिलाया कि यहां से प्राप्त डिग्री के आधार पर देश के किसी भी अस्पताल या मेडिकल स्टोर में नौकरी प्राप्त की जा सकती है।
इसी विश्वास के आधार पर राकेश यादव ने डीफार्मा पाठ्यक्रम में दाखिला लिया। विद्यालय प्रशासन द्वारा दो वर्ष की फीस के रूप में 2.10 लाख रुपये की मांग की गई। एकमुश्त भुगतान में असमर्थता जताने पर किश्तों में फीस जमा कराने का आश्वासन दिया गया। वर्ष 2018 में राकेश ने 60 हजार रुपये जमा कर प्रवेश लिया और बाद में विभिन्न किश्तों में कुल 2.35 लाख रुपये नकद भुगतान किया।
आरोप है कि पाठ्यक्रम पूर्ण होने के बाद वर्ष 2018 में राकेश को डीफार्मा की मार्कशीट उपलब्ध कराई गई। इसके बाद लखनऊ में फार्मेसी काउंसिल से रजिस्ट्रेशन कराने के नाम पर 50 हजार रुपये की अतिरिक्त मांग की गई। जब रजिस्ट्रेशन में लगातार टालमटोल की गई, तो राकेश ने स्वयं फार्मेसी काउंसिल से संपर्क किया।
जांच के दौरान यह खुलासा हुआ कि विद्यालय द्वारा जारी किया गया अंकपत्र व प्रमाण पत्र फर्जी है तथा उस पर किए गए हस्ताक्षर भी नकली हैं। इस जानकारी के बाद पीड़ित ने न्यायालय की शरण ली। कोर्ट के आदेश पर शहर कोतवाली पुलिस ने विद्यालय के प्रबंधक अवनीश पांडेय और प्रधानाचार्य मयंक तिवारी के विरुद्ध धोखाधड़ी, जालसाजी सहित संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है।
पुलिस के अनुसार मामले की विवेचना प्रारंभ कर दी गई है। यह प्रकरण शिक्षा के नाम पर की जा रही धोखाधड़ी की ओर इशारा करता है और छात्रों व अभिभावकों के लिए सतर्क रहने की चेतावनी भी है। दोष सिद्ध होने पर आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।






