ग्रीन चंदौसी में मंदिर हटाने पहुंचा प्रशासन, भाजपा नेता हिरासत में, सड़क जाम
Share your love

संवाद 24 संभल। संभल चंदौसी क्षेत्र स्थित ग्रीन चंदौसी कॉलोनी में सार्वजनिक मार्ग पर बने एक मंदिर को हटाने के लिए मंगलवार को प्रशासनिक टीम मौके पर पहुंची। यह कार्रवाई न्यायालय के आदेश के अनुपालन में की गई, लेकिन जैसे ही मंदिर हटाने की प्रक्रिया शुरू हुई, हिंदू संगठनों के पदाधिकारियों ने इसका विरोध शुरू कर दिया।
प्रशासन की कार्रवाई की जानकारी मिलते ही भाजपा युवा मोर्चा के पूर्व जिलाध्यक्ष डॉ. विशाल चौहान सहित कई हिंदू संगठन के कार्यकर्ता मौके पर पहुंच गए। उन्होंने मंदिर हटाने की कार्रवाई पर आपत्ति जताई और प्रशासन पर मनमानी का आरोप लगाया। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच नोकझोंक की स्थिति बन गई।
स्थिति बिगड़ते देख पुलिस ने भाजपा नेता डॉ. विशाल चौहान को मौके से हिरासत में ले लिया। इसके बाद आक्रोशित कार्यकर्ताओं ने चंदौसी–मुरादाबाद मार्ग पर जाम लगा दिया और नारेबाजी शुरू कर दी। सड़क जाम के कारण करीब बीस मिनट तक यातायात प्रभावित रहा।
सूचना मिलते ही अतिरिक्त पुलिस बल मौके पर पहुंचा। चंदौसी, बनियाठेर और कुढ़ फतेहगढ़ थानों की पुलिस के साथ पीएसी भी तैनात की गई। प्रशासनिक अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया और शांति बनाए रखने की अपील की।
प्रशासन द्वारा दूसरे स्थान पर मंदिर निर्माण का आश्वासन दिए जाने के बाद प्रदर्शनकारियों ने जाम खोल दिया। इसके बाद पुलिस बल की मौजूदगी में न्यायालय के आदेश का पालन करते हुए मंदिर को सार्वजनिक रास्ते से हटा दिया गया। कार्रवाई पूरी होने तक क्षेत्र में सुरक्षा के कड़े इंतजाम बने रहे।
प्रशासन के अनुसार, यह विवाद मई 2022 से चला आ रहा था। कॉलोनी निवासी नितेश पांडेय ने एसडीएम न्यायालय में वाद दायर कर मंदिर के सार्वजनिक मार्ग पर बने होने की शिकायत की थी। राजस्व विभाग की रिपोर्ट के आधार पर एसडीएम न्यायालय ने वर्ष 2024 में मंदिर हटाने के आदेश दिए थे।
आदेश का पालन न होने पर याचिकाकर्ता ने उच्च न्यायालय का रुख किया, जिसके बाद उच्च न्यायालय ने प्रशासन को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। इसी क्रम में मंगलवार को एसडीएम आशुतोष तिवारी और सीओ मनोज कुमार के नेतृत्व में प्रशासनिक टीम ने कार्रवाई की।
एसडीएम आशुतोष तिवारी ने बताया कि उच्च न्यायालय के आदेश के अनुसार मंदिर को सार्वजनिक मार्ग से हटाया गया है और स्थानीय लोगों की आस्था को ध्यान में रखते हुए दूसरे स्थान पर मंदिर निर्माण के लिए भूमि पूजन भी कराया गया है। मौके पर फिलहाल स्थिति पूरी तरह शांत है।






