कोहरे की चादर में लिपटा फर्रुखाबाद: 20 मीटर तक सिमटी दृश्यता, अलाव बने ठंड से राहत का सहारा
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संवाद 24, फर्रुखाबाद में लगातार दूसरे दिन कड़ाके की ठंड और घने कोहरे ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दीं। मंगलवार सुबह जिले के अधिकांश हिस्सों में घना कोहरा छाया रहा, जिससे दृश्यता बेहद कम हो गई और सामान्य जनजीवन प्रभावित हुआ।
सोमवार देर रात से ही कोहरे की शुरुआत हो गई थी, जो मंगलवार सुबह तक बना रहा। सुबह करीब 6 बजे दृश्यता महज 20 मीटर दर्ज की गई, जो 9 बजे तक बढ़कर लगभग 50 मीटर तक पहुंच सकी। ग्रामीण इलाकों में स्थिति और गंभीर रही। इटावा–बरेली हाईवे समेत फर्रुखाबाद–दिल्ली मार्ग पर वाहन चालकों को हेडलाइट जलाकर बेहद सावधानी से वाहन चलाने पड़े।
मौसम विभाग के अनुसार मंगलवार को जिले का अधिकतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 13 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। वहीं, हवा में नमी का स्तर 21 प्रतिशत रहा, जिससे ठंड का असर और तीखा महसूस हुआ।

अलाव के सहारे लोग
शहर के विभिन्न इलाकों में लोग ठंड से बचने के लिए अलाव तापते नजर आए। हनुमान मंदिर के पास सुबह से ही स्थानीय लोग आग जलाकर सर्दी से राहत लेते दिखे। लोगों का कहना है कि नगर पालिका की ओर से अभी तक अलाव के लिए लकड़ी की कोई व्यवस्था नहीं की गई है, जिससे उन्हें निजी स्तर पर इंतजाम करने पड़ रहे हैं। मंदिर में रोजाना बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की आवाजाही रहती है, वहीं पास में स्कूल होने के कारण छात्र-छात्राएं भी अलाव के सहारे ठंड से बचाव कर रहे हैं।
मंदिर जाते समय अधेड़ की मौत
इसी बीच मंगलवार सुबह एक दुखद घटना सामने आई। शहर के मोहल्ला लिंजीगंज निवासी 56 वर्षीय देवी राम सक्सेना मंदिर जा रहे थे, तभी अचानक उनकी तबीयत बिगड़ गई। परिजन उन्हें तुरंत लोहिया अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां इमरजेंसी में तैनात चिकित्सक ने उन्हें






