
संवाद 24 डेस्क। आज के समय में व्हाट्सएप केवल संदेश भेजने का माध्यम नहीं रह गया है, बल्कि व्यक्तिगत बातचीत, कार्यालय के काम, ऑनलाइन पढ़ाई, कारोबार और जरूरी सूचनाओं के आदान-प्रदान का अहम साधन बन चुका है। यही वजह है कि इस अनुप्रयोग में होने वाला छोटा-सा बदलाव भी करोड़ों उपयोगकर्ताओं के रोजमर्रा के अनुभव को प्रभावित कर सकता है। अब व्हाट्सएप अपने एंड्रॉयड अनुप्रयोग की बातचीत वाली स्क्रीन को नया रूप देने की तैयारी कर रहा है। इस बदलाव में संदेश लिखने की जगह और उसे भेजने वाले बटन की स्थिति बदली जा सकती है। साथ ही, इमोजी, कैमरा और अन्य सामग्री जोड़ने वाले विकल्पों को व्यवस्थित करने के लिए दो अलग-अलग प्रारूपों पर काम किया जा रहा है।
इस नए बदलाव का उद्देश्य बातचीत के दौरान दिखाई देने वाले विकल्पों को अधिक व्यवस्थित, आधुनिक और सुविधाजनक बनाना है। हालांकि, अभी इसे आम उपयोगकर्ताओं के लिए जारी नहीं किया गया है। यह विकास के चरण में है और कंपनी ने इसके अंतिम स्वरूप या सार्वजनिक उपलब्धता की तारीख के बारे में कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की है। ऐसे में उपयोगकर्ताओं को फिलहाल अपने मौजूदा व्हाट्सएप में तत्काल बदलाव की उम्मीद नहीं करनी चाहिए।
क्या है व्हाट्सएप का नया चैट बार और क्यों हो रहा है बदलाव?
व्हाट्सएप की बातचीत वाली स्क्रीन के सबसे निचले हिस्से में मौजूद वह पट्टी, जहां उपयोगकर्ता संदेश लिखते हैं, इमोजी चुनते हैं, तस्वीर या अन्य सामग्री जोड़ते हैं और संदेश भेजते हैं, चैट बार कहलाती है। सामान्य तौर पर उपयोगकर्ता दिन में कई बार इसी हिस्से का इस्तेमाल करते हैं। इसलिए इसकी बनावट और बटनों की स्थिति का सीधा संबंध अनुप्रयोग के उपयोग में आसानी से है।
अब तक प्रचलित व्यवस्था में संदेश लिखने के लिए एक अलग स्थान दिखाई देता है और संदेश भेजने वाला गोल बटन उसके बाहर रहता है। नए प्रारूप में इस व्यवस्था को बदलने की तैयारी है। प्रस्तावित बदलाव के अनुसार, संदेश लिखने वाला स्थान चैट बार के ऊपरी हिस्से में आ सकता है, जबकि संदेश भेजने वाला बटन उसी पट्टी के भीतर शामिल किया जाएगा। इससे पूरी व्यवस्था पहले से अधिक एकीकृत दिखाई दे सकती है।
यह बदलाव केवल बटनों की जगह बदलने तक सीमित नहीं है। इसके माध्यम से व्हाट्सएप बातचीत की स्क्रीन को अधिक साफ-सुथरा बनाने और जरूरी विकल्पों को एक बेहतर क्रम में रखने की कोशिश कर रहा है। हालांकि, किसी नए प्रारूप की वास्तविक उपयोगिता इस बात पर निर्भर करेगी कि संदेश लिखते समय उपयोगकर्ताओं को विकल्प कितनी आसानी से मिलते हैं और क्या नई व्यवस्था पुराने तरीके की तुलना में अधिक सहज महसूस होती है।
संदेश लिखने की जगह ऊपर होगी, जानिए कैसे बदलेगा पूरा अनुभव
प्रस्तावित नए प्रारूप में सबसे महत्वपूर्ण बदलाव संदेश लिखने वाले स्थान की स्थिति को लेकर है। इसे चैट बार के ऊपरी हिस्से में, इमोजी खोलने वाले बटन के ठीक ऊपर रखा जा सकता है। इस व्यवस्था में उपयोगकर्ता को संदेश टाइप करने के लिए पहले से अलग दिखाई देने वाला स्थान मिलेगा, जबकि इमोजी और अन्य सुविधाओं के बटन उसके नीचे या आसपास व्यवस्थित किए जा सकते हैं।
इस तरह की बनावट का एक संभावित लाभ यह है कि संदेश लिखने और अतिरिक्त सुविधाओं का उपयोग करने वाले हिस्सों के बीच अंतर अधिक स्पष्ट हो सकता है। उदाहरण के लिए, यदि किसी उपयोगकर्ता को किसी मित्र को लंबा संदेश भेजना है, तो उसे लिखने के लिए उपलब्ध स्थान और उससे संबंधित बटन आसानी से दिखाई दे सकते हैं। हालांकि, यह अभी प्रस्तावित प्रारूप की संभावित उपयोगिता है। वास्तविक अनुभव इस बात पर निर्भर करेगा कि अंतिम डिजाइन में बटनों का आकार, उनके बीच की दूरी और लिखने के स्थान की ऊंचाई कैसी रखी जाती है।
यह बदलाव उन लोगों के लिए भी महत्वपूर्ण हो सकता है जो लगातार संदेश भेजते हैं और बातचीत के दौरान तस्वीरें, दस्तावेज या इमोजी साझा करते रहते हैं। यदि सभी विकल्प संतुलित तरीके से व्यवस्थित होते हैं, तो उपयोगकर्ताओं को स्क्रीन पर मौजूद अलग-अलग बटनों को समझने में आसानी हो सकती है। लेकिन यह कहना अभी जल्दबाजी होगी कि नया प्रारूप संदेश लिखने की गति को निश्चित रूप से बढ़ा देगा।
अब चैट बार के भीतर मिलेगा संदेश भेजने वाला बटन
नए डिजाइन का दूसरा बड़ा बदलाव संदेश भेजने वाले बटन को लेकर है। मौजूदा व्यवस्था में यह बटन लिखने वाले स्थान के बाहर एक अलग गोल आकृति में दिखाई देता है। प्रस्तावित नए प्रारूप में इसे चैट बार के भीतर शामिल करने की योजना है। इसकी गोल आकृति बरकरार रह सकती है, लेकिन इसकी स्थिति पूरी व्यवस्था के साथ जुड़ी होगी।
यह परिवर्तन देखने में छोटा लग सकता है, लेकिन बातचीत की स्क्रीन पर इसका असर स्पष्ट हो सकता है। संदेश लिखने वाला स्थान और संदेश भेजने का बटन एक ही व्यवस्थित पट्टी का हिस्सा होने से स्क्रीन का निचला भाग अधिक एकरूप दिखाई दे सकता है। इससे उपयोगकर्ता को संदेश लिखने और उसे भेजने से संबंधित नियंत्रण एक ही क्षेत्र में मिलेंगे।
हालांकि, बटन की स्थिति बदलने का अर्थ यह नहीं है कि संदेश भेजने की प्रक्रिया भी पूरी तरह बदल जाएगी। उपयोगकर्ता पहले की तरह संदेश लिखकर भेज सकेंगे। इस बदलाव का मुख्य उद्देश्य प्रक्रिया को नया रूप देना और स्क्रीन पर मौजूद नियंत्रणों की व्यवस्था को बेहतर बनाना है। अभी यह भी स्पष्ट नहीं है कि अंतिम प्रारूप में बटन का आकार, रंग या उसके आसपास की खाली जगह में कोई अतिरिक्त बदलाव किया जाएगा या नहीं।
एक नहीं, दो डिजाइन पर काम कर रही है कंपनी
व्हाट्सएप इस नए चैट बार के लिए फिलहाल दो अलग-अलग प्रारूपों पर काम कर रहा है। दोनों में संदेश लिखने का स्थान ऊपर ले जाने और संदेश भेजने वाले बटन को चैट बार के भीतर रखने की मूल योजना समान है। अंतर इमोजी, सामग्री जोड़ने और कैमरा खोलने वाले बटनों की स्थिति में दिखाई देता है।
दो प्रारूपों पर काम करने से कंपनी को यह समझने का अवसर मिल सकता है कि किस व्यवस्था में उपयोगकर्ताओं को जरूरी सुविधाएं अधिक आसानी से मिलती हैं। यह भी संभव है कि परीक्षण के दौरान दोनों प्रारूपों में सुधार किए जाएं या अंतिम सार्वजनिक संस्करण में इनसे अलग कोई संशोधित व्यवस्था अपनाई जाए। फिलहाल किसी एक डिजाइन को अंतिम नहीं माना जा सकता।
पहला प्रारूप: मौजूदा व्यवस्था से मिलता-जुलता होगा डिजाइन
पहले प्रारूप में इमोजी खोलने वाला बटन चैट बार के एक ओर रखा जाएगा, जबकि सामग्री जोड़ने और कैमरा खोलने वाले विकल्प दूसरी ओर संदेश भेजने वाले बटन के पास दिखाई दे सकते हैं। इससे वर्तमान व्यवस्था से परिचित उपयोगकर्ताओं को बदलाव समझने में अपेक्षाकृत आसानी हो सकती है।
इस प्रारूप में मुख्य परिवर्तन संदेश लिखने की जगह को ऊपर करना और भेजने वाले बटन को उसी पट्टी में शामिल करना है। बाकी विकल्पों को इस तरह व्यवस्थित करने की योजना है कि उनकी पहचान बनी रहे। जो लोग बातचीत के दौरान अक्सर कैमरे से तस्वीर खींचते हैं या पहले से मौजूद दस्तावेज साझा करते हैं, उनके लिए बटनों की स्पष्ट स्थिति महत्वपूर्ण होगी।
यदि कंपनी इस प्रारूप को अपनाती है, तो बदलाव के बावजूद उपयोगकर्ताओं को मौजूदा व्यवस्था से कुछ समानता महसूस हो सकती है। लेकिन यह केवल अनुमान है। अंतिम स्वरूप और उसके व्यवहार की पुष्टि सार्वजनिक रूप से जारी संस्करण आने के बाद ही हो सकेगी।
दूसरा प्रारूप: सभी अतिरिक्त विकल्प एक ओर, भेजने का बटन दूसरी ओर
दूसरे प्रारूप में इमोजी, सामग्री जोड़ने और कैमरा खोलने वाले तीनों बटनों को एक ही ओर रखने की योजना है। इसके विपरीत, संदेश भेजने वाला बटन दूसरी ओर अकेला दिखाई देगा। इस तरह चैट बार के दोनों हिस्सों के बीच अधिक स्पष्ट विभाजन बन सकता है।
इस व्यवस्था का संभावित फायदा यह है कि संदेश भेजने वाला बटन बाकी विकल्पों से अलग दिखाई देगा। इससे उपयोगकर्ता को संदेश भेजने के लिए आवश्यक बटन पहचानने में आसानी हो सकती है। दूसरी ओर, एक ही तरफ कई बटन होने से छोटे पर्दे वाले फोन पर उनके बीच पर्याप्त जगह रखना डिजाइन की एक महत्वपूर्ण चुनौती होगी।
किस प्रारूप में उपयोगकर्ताओं को बेहतर अनुभव मिलेगा, यह उनकी आदतों और फोन की स्क्रीन के आकार पर भी निर्भर कर सकता है। कुछ उपयोगकर्ताओं को एक ओर सभी अतिरिक्त विकल्प मिलना सुविधाजनक लगेगा, जबकि दूसरे लोग मौजूदा व्यवस्था से मिलते-जुलते प्रारूप को अधिक सहज मान सकते हैं। इसीलिए परीक्षण और उपयोगकर्ता अनुभव का मूल्यांकन अंतिम डिजाइन चुनने में अहम भूमिका निभा सकते हैं।
एंड्रॉयड के किस संस्करण में देखा गया नया डिजाइन?
इस बदलाव की जानकारी व्हाट्सएप के एंड्रॉयड अनुप्रयोग के बीटा संस्करण 2.26.41.11 से जुड़ी रिपोर्ट में सामने आई है। बीटा संस्करण किसी अनुप्रयोग का परीक्षण वाला रूप होता है, जिसमें नई सुविधाओं को आम उपयोगकर्ताओं तक पहुंचाने से पहले परखा जाता है। इसका उद्देश्य संभावित समस्याओं की पहचान करना और सुविधाओं को बेहतर बनाना होता है।
ध्यान देने वाली बात यह है कि किसी बीटा संस्करण में नई सुविधा से जुड़े संकेत दिखाई देने का अर्थ यह नहीं है कि वह सभी बीटा उपयोगकर्ताओं के लिए भी उपलब्ध हो गई है। नए चैट बार का डिजाइन अभी विकास के चरण में है और इसे परीक्षण करने वाले उपयोगकर्ताओं के लिए भी व्यापक रूप से सक्रिय नहीं किया गया है। इसलिए फिलहाल इसे सामान्य उपयोग के लिए उपलब्ध सुविधा नहीं माना जाना चाहिए।
क्या पुराने चैट बार को हटाया जाएगा?
नए डिजाइन को लेकर सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या इसे जारी करने के बाद मौजूदा चैट बार पूरी तरह बदल जाएगा। अभी इसका स्पष्ट उत्तर उपलब्ध नहीं है। कंपनी अंतिम प्रारूप चुनने से पहले दोनों व्यवस्थाओं का मूल्यांकन कर सकती है। परीक्षण के दौरान बटनों की स्थिति, उनके बीच की दूरी और पूरी पट्टी की बनावट में और बदलाव भी संभव हैं।
इसलिए उपयोगकर्ताओं को फिलहाल अपनी आदतें बदलने या किसी विशेष व्यवस्था की तैयारी करने की जरूरत नहीं है। जब तक नया डिजाइन आधिकारिक रूप से जारी नहीं होता, तब तक मौजूदा चैट बार का इस्तेमाल पहले की तरह किया जा सकता है। यदि भविष्य में नया प्रारूप उपलब्ध कराया जाता है, तो उसकी जानकारी अनुप्रयोग के अद्यतन विवरण या आधिकारिक घोषणाओं के माध्यम से मिल सकती है।
कब तक सभी उपयोगकर्ताओं को मिलेगा नया चैट बार?
नए चैट बार की सार्वजनिक शुरुआत की तारीख अभी घोषित नहीं हुई है। विकास के शुरुआती चरण में होने के कारण यह बताना संभव नहीं है कि इसे सभी एंड्रॉयड उपयोगकर्ताओं तक पहुंचने में कितना समय लगेगा। पहले डिजाइन में बदलाव हो सकते हैं, फिर सीमित उपयोगकर्ताओं के बीच इसका परीक्षण किया जा सकता है और उसके बाद ही व्यापक रूप से जारी करने का निर्णय लिया जा सकता है।
यह भी जरूरी नहीं है कि परीक्षण में दिखाई देने वाला डिजाइन बिना किसी बदलाव के अंतिम संस्करण में पहुंच जाए। कई बार परीक्षण के दौरान सामने आई कमियों या उपयोगकर्ताओं की प्रतिक्रिया के आधार पर कंपनियां अपनी योजना में संशोधन करती हैं। ऐसे में किसी निश्चित तारीख या जल्द जारी होने के दावे को अभी आधिकारिक जानकारी नहीं माना जाना चाहिए।
व्हाट्सएप के बदलते स्वरूप का क्या है संकेत?
व्हाट्सएप लगातार अपने अनुप्रयोग की बनावट और उपयोगकर्ता अनुभव को बेहतर बनाने पर काम कर रहा है। बातचीत वाली स्क्रीन के साथ-साथ नीचे दिए जाने वाले विकल्पों की पट्टी में भी बदलावों पर काम किया जा रहा है। हाल की एक अन्य विकास प्रक्रिया में नीचे की ओर मौजूद विकल्पों में चुने गए खंड को दिखाने वाले संकेतक की बनावट सुधारने की योजना सामने आई है। इससे पता चलता है कि कंपनी केवल नई सुविधाएं जोड़ने के बजाय मौजूदा सुविधाओं को प्रस्तुत करने के तरीके पर भी ध्यान दे रही है। हालांकि, इन बदलावों की उपलब्धता और अंतिम स्वरूप अलग-अलग हो सकते हैं।
किसी लोकप्रिय अनुप्रयोग के लिए डिजाइन में सुधार करना आसान काम नहीं होता। पुराने उपयोगकर्ता पहले से एक निश्चित व्यवस्था के अभ्यस्त होते हैं, जबकि नए उपयोगकर्ताओं के लिए साफ-सुथरा और समझने में आसान प्रारूप अधिक उपयोगी साबित हो सकता है। कंपनी को इन दोनों पहलुओं के बीच संतुलन बनाना होगा। यदि नया चैट बार उपयोगकर्ताओं को बिना अतिरिक्त परेशानी के जरूरी विकल्प उपलब्ध कराता है, तो यह बातचीत के अनुभव को बेहतर बनाने की दिशा में एक उपयोगी कदम हो सकता है।
अभी इंतजार करना होगा, अंतिम डिजाइन पर फैसला बाकी
व्हाट्सएप के नए चैट बार से जुड़ा प्रस्तावित बदलाव संदेश लिखने की जगह, संदेश भेजने वाले बटन और इमोजी, कैमरा तथा सामग्री जोड़ने वाले विकल्पों की व्यवस्था पर केंद्रित है। कंपनी दो अलग-अलग प्रारूपों पर काम कर रही है, लेकिन अभी किसी एक को अंतिम रूप नहीं दिया गया है। यह सुविधा विकास के चरण में है और इसकी सार्वजनिक शुरुआत की तारीख भी सामने नहीं आई है।
उपयोगकर्ताओं के लिए फिलहाल सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि वे किसी अनौपचारिक दावे के आधार पर अपने अनुप्रयोग में तत्काल बदलाव की उम्मीद न करें। आधिकारिक अद्यतन आने तक मौजूदा व्यवस्था का इस्तेमाल जारी रखा जा सकता है। आने वाले समय में यह देखना दिलचस्प होगा कि व्हाट्सएप किस प्रारूप को चुनता है और क्या नई व्यवस्था वास्तव में संदेश लिखने तथा भेजने की प्रक्रिया को पहले से अधिक सुविधाजनक बना पाती है।






