
कन्नौज जनपद की तिर्वा तहसील अंतर्गत ठठिया ग्राम पंचायत स्थित लवकुश इंटर कॉलेज में बरसात के दौरान जलभराव की गंभीर समस्या एक बार फिर सामने आई है। नाले पर कथित अतिक्रमण और लंबे समय से सफाई न होने के कारण हल्की बारिश में भी विद्यालय परिसर जलमग्न हो जाता है। मंगलवार को हुई वर्षा के बाद पूरा परिसर तालाब जैसी स्थिति में बदल गया, जिससे छात्र-छात्राओं और शिक्षकों को आवागमन में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।
18 फीट चौड़ा नाला सिमटकर 4-5 फीट रह जाने का आरोप
स्थानीय लोगों के अनुसार विद्यालय के निकट से गुजरने वाले सरकारी नाले पर पटिया और सीमेंट की पुलिया डालकर अतिक्रमण कर लिया गया है। इससे नाले की चौड़ाई काफी कम हो गई है और वर्षा का पानी सुचारु रूप से निकल नहीं पाता। ग्रामीणों का कहना है कि वर्षों से सफाई न होने के कारण नाले में झाड़ियां और गाद जमा हो गई है, जिससे जल निकासी पूरी तरह प्रभावित हो रही है।
दो वर्षों से शिकायतें, फिर भी नहीं निकला स्थायी समाधा
विद्यालय प्रबंधक हरीशंकर कुशवाहा ने बताया कि इस समस्या को लेकर पिछले दो वर्षों में ठठिया थाना दिवस, तहसील दिवस और अन्य प्रशासनिक मंचों पर कई बार लिखित शिकायतें दी गईं। उन्होंने नाले से अतिक्रमण हटाने और उसकी सफाई कराने की मांग की, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हो सकी। उनका आरोप है कि संबंधित विभागों की उदासीनता के कारण समस्या लगातार बनी हुई है।
अतिक्रमण हटाने के लिए राजस्व और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई जरूरी
ग्राम प्रधान प्रतिनिधि सुनीत अग्निहोत्री के अनुसार नाले को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए राजस्व विभाग और पुलिस बल की संयुक्त मौजूदगी आवश्यक है। उन्होंने कहा कि इसी कारण कार्रवाई लंबित है। वहीं ठठिया ग्राम पंचायत सचिव राजेश कुमार दुबे ने जल्द ही नाले की सफाई कराए जाने का आश्वासन दिया है।
तीन से चार फीट तक भर जाता है पानी, बच्चों की सुरक्षा पर चिंता
विद्यालय प्रबंधन का कहना है कि बारिश के दौरान परिसर और आसपास तीन से चार फीट तक पानी भर जाता है, जिससे छोटे बच्चों के लिए दुर्घटना का खतरा बना रहता है। उनका कहना है कि यदि समय रहते समस्या का समाधान नहीं किया गया तो कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है।
मुख्यमंत्री दरबार तक ले जाने की चेतावनी
विद्यालय प्रबंधक ने कहा कि यदि शीघ्र ही नाले को अतिक्रमण मुक्त कर सफाई नहीं कराई गई तो वह मुख्यमंत्री दरबार, लखनऊ पहुंचकर पूरे मामले की शिकायत करेंगे। स्थानीय ग्रामीणों ने भी प्रशासन से विद्यार्थियों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए तत्काल अतिक्रमण हटाने और जल निकासी व्यवस्था दुरुस्त कराने की मांग की है।






