
आचार्य मधुसूदन अग्निहोत्रि
वैदिक ज्योतिष, धर्मनिर्णय एवं कर्मकांड विशेषज्ञ।
वैदिक पंचांग
अंग्रेजी दिनांक – 11 जून 2026, गुरुवार
कालगणना
सृष्टि संवत् – 1,95,58,85,127
युगाब्द – 5128
विक्रम संवत् – 2083 (अधिक ज्येष्ठ – रौद्र संवत्सर)
शक संवत् – 1948
सम्वत्सर – रौद्र
अयन – उत्तरायण
ऋतु – ग्रीष्म
मास, पक्ष एवं वार विवरण
मास – अधिक ज्येष्ठ
पक्ष – कृष्ण
तिथि – एकादशी सायं 06:19 तक, तत्पश्चात् द्वादशी
वार – गुरुवार
नक्षत्र, योग एवं करण
नक्षत्र – अश्विनी रात्रि 03:13 तक, तत्पश्चात् भरणी
योग – शोभन (पूरे दिन और पूरी रात)
करण – बव प्रातः 07:08 तक, तत्पश्चात् बालव सायं 06:19 तक
चंद्र गोचर
चन्द्रमा – मेष राशि में (पूरा दिन)
सूर्य, काल एवं मुहूर्त (फर्रुखाबाद स्थानीय समय)
सूर्योदय – 05:25
सूर्यास्त – 07:35
अभिजित मुहूर्त – दोपहर 11:59 से 12:47 तक
राहुकाल – दोपहर 01:30 से 03:00 तक
दिशाशूल – दक्षिण दिशा में (गुरुवार होने के कारण)
व्रत-पर्व एवं विशेष योग
- पुरुषोत्तम एकादशी (कमला एकादशी): आज अधिक मास की परम पावन ‘पुरुषोत्तम एकादशी’ है। अधिक ज्येष्ठ मास होने के कारण इस एकादशी का महत्व अनंत गुना बढ़ जाता है। आज के दिन भगवान पुरुषोत्तम (श्री हरि विष्णु) का पूजन व व्रत रखने से संपूर्ण पापों का नाश होता है और अक्षय पुण्य के साथ लक्ष्मी जी की स्थायी कृपा प्राप्त होती है।
- शोभन योग: आज पूरे दिन ‘शोभन योग’ विद्यमान रहेगा। यह योग यात्रा, धार्मिक अनुष्ठान, व्रत-साधना और आभूषणों के क्रय-विक्रय के लिए अत्यंत सुंदर और भाग्यशाली माना गया है।
विशेष जानकारी
आज गुरुवार का दिन है और चन्द्रमा मंगल की राशि मेष में तथा केतु के नक्षत्र अश्विनी में संचरण कर रहे हैं। देवगुरु बृहस्पति के वार पर पुरुषोत्तम एकादशी और शोभन योग का यह दुर्लभ संयोग आध्यात्मिक उन्नति और धन-धान्य की वृद्धि के लिए अचूक है। आज के दिन विष्णु सहस्रनाम का पाठ करना तथा भगवान विष्णु को पीले फल व तुलसी दल अर्पित करना अत्यंत कल्याणकारी सिद्ध होगा।

आज का राशिफल: 11 जून 2026, गुरुवार
मेष(चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, अ)
चन्द्रमा आपकी ही राशि में गोचर कर रहे हैं, जिससे आपके आत्मविश्वास और निर्णय क्षमता में अद्भुत वृद्धि होगी। एकादशी व्रत और शोभन योग के प्रभाव से आज आपके सोचे हुए कार्य सुगमता से पूरे होंगे। व्यापार में नए अवसर मिलेंगे।
उपाय – विष्णु चालीसा का पाठ करें और भगवान नारायण को पीले पुष्प अर्पित करें।
वृषभ(ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो)
द्वादश भाव का चन्द्रमा आज खर्चों में थोड़ी अधिकता ला सकता है, परंतु परोपकार और धार्मिक कार्यों पर व्यय होने से मन प्रसन्न रहेगा। रत्न व्यवसाय से जुड़े जातकों को सुदूर संपर्कों से लाभ होगा। वाणी पर संयम रखें।
उपाय – मां लक्ष्मी के सम्मुख घी का दीपक जलाएं और मस्तक पर सफेद चंदन लगाएं।
मिथुन(का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, ह)
एकादश भाव का चन्द्रमा आज आपके लिए चहुंओर से लाभ के मार्ग खोलेगा। पुराना फंसा हुआ व्यावसायिक भुगतान आज वापस मिल सकता है। परामर्श (Consultancy) के क्षेत्र से जुड़े लोगों को समाज में विशेष मान-सम्मान प्राप्त होगा।
उपाय – भगवान गणेश को दूर्वा अर्पित करें और विष्णु सहस्रनाम का पाठ करें।
कर्क(ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो)
दशम भाव (कर्म भाव) का चन्द्रमा करियर और व्यापार में बड़ी सफलता का संकेत दे रहा है। गुरुवार के दिन एकादशी का संयोग नौकरीपेशा जातकों को उच्च अधिकारियों की कृपा दिलाएगा। अटके हुए सरकारी कार्य आज गति पकड़ेंगे।
उपाय – शिवलिंग पर कच्चा दूध चढ़ाएं और पुरुष सूक्त का पाठ करें।
सिंह(मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे)
भाग्य भाव का चन्द्रमा आज आपके लिए अत्यंत कल्याणकारी रहेगा। पुरुषोत्तम एकादशी के पावन अवसर पर किसी तीर्थ यात्रा या देव दर्शन की योजना बनेगी। रत्न और स्वर्ण के क्रय-विक्रय के लिए आज का दिन अत्यंत शुभ है।
उपाय – सूर्य देव को अर्घ्य दें और आदित्य हृदय स्तोत्र का पाठ करें।
कन्या(टो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो)
अष्टम भाव का चन्द्रमा होने से दिन के पूर्वार्ध में थोड़ा संभलकर चलें। वाहन चलाते समय विशेष सावधानी रखें और किसी से वाद-विवाद में न पड़ें। शाम के समय धार्मिक अनुष्ठान या कथा श्रवण से मानसिक शांति मिलेगी।
उपाय – श्री गणपति अथर्वशीर्ष का पाठ करें और गाय को केला खिलाएं।
तुला(रा, री, रू, रे, रो, ता, टी, तू, ते)
सप्तम भाव का चन्द्रमा दाम्पत्य जीवन और व्यापारिक साझेदारी में मधुरता लेकर आया है। शोभन योग के प्रभाव से आज कोई नया व्यावसायिक अनुबंध फाइनल हो सकता है। समाज में आपकी प्रतिष्ठा और साख मजबूत होगी।
उपाय – कनकधारा स्तोत्र का पाठ करें और जरूरतमंदों को अन्न दान करें।
वृश्चिक(तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू)
छठे भाव का चन्द्रमा शत्रुओं और प्रतिस्पर्धियों पर आपकी विजय सुनिश्चित करेगा। यदि कोर्ट-कचहरी या बैंक लोन से जुड़ा कोई मामला चल रहा था, तो आज उसमें आपके पक्ष में प्रगति होगी। स्वास्थ्य के प्रति सचेत रहें।
उपाय – हनुमान चालीसा का पाठ करें और बजरंग बली को गुड़ का भोग लगाएं।
धनु(ये, यो, भा, भी, भू, ध, फा, ढा,भे)
पंचम भाव का चन्द्रमा विद्यार्थियों के लिए बौद्धिक क्षमता बढ़ाने वाला रहेगा। संतान पक्ष से मन हर्षित रहेगा। ज्योतिष, रत्न व्यवसाय और परामर्श के कार्यों से जुड़े जातकों को आज कोई बड़ा क्लाइंट मिल सकता है, जिससे बड़ा धन लाभ होगा।
उपाय – मस्तक पर केसर का तिलक लगाएं और ‘ॐ नमो भगवते वासुदेवाय’ मंत्र का जप करें।
मकर(भो, जा, जी, खी, खू, खा, खो, गा, गी)
चतुर्थ भाव का चन्द्रमा भूमि, भवन और सुख-साधनों के मामलों में व्यस्तता बढ़ाएगा। माता का पूर्ण सानिध्य और आशीर्वाद आपको ऊर्जा देगा। कार्यक्षेत्र में काम का दबाव रहेगा, परंतु शाम तक आप सभी जिम्मेदारियां बखूबी निभा लेंगे।
उपाय – शनि चालीसा का पाठ करें और पीपल के वृक्ष के नीचे दीप दान करें।
कुंभ(गु, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा)
आपके पराक्रम और पुरुषार्थ में अद्भुत वृद्धि होगी। भाई-बहनों का पूर्ण सहयोग व्यापार को नई ऊंचाइयां देगा। लघु दूरी की व्यापारिक यात्राएं लाभदायक सिद्ध होंगी। संचार और लेखन के क्षेत्र से जुड़े जातकों को प्रसिद्धि मिलेगी।
उपाय – बजरंग बाण का पाठ करें और पक्षियों को सात प्रकार का अनाज डालें।
मीन(दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची)
द्वितीय भाव (धन भाव) का चन्द्रमा और एकादशी का संयोग आज आपके संचित धन और बैंक-बैलेंस में बड़ी वृद्धि कराएगा। अपनी मधुर वाणी के प्रभाव से आज आप कठिन से कठिन डील भी आसानी से तय कर लेंगे। परिवार में उत्सव का माहौल रहेगा।
उपाय – नारायण कवच का पाठ करें और किसी विद्वान ब्राह्मण का आशीर्वाद लें।
शुभम भवतु।

