राजधानी में प्रशासन नाकाम? प्रतिबंधित मांझे से लगातार हो रहे हादसे
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संवाद 24 लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सख्त निर्देशों के बावजूद राजधानी लखनऊ में प्रतिबंधित चाइनीज मांझे का उपयोग थम नहीं रहा है। ताजा मामले में किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) के एक चिकित्सक मांझे की चपेट में आकर गंभीर रूप से घायल हो गए। उनके चेहरे पर गहरे घाव आए हैं और इलाज के दौरान 10 टांके लगाए गए।
जानकारी के अनुसार जौनपुर जनपद के सुजानगंज निवासी डॉ. दीपक गुप्ता इन दिनों सरोजनी नगर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में तैनात हैं। वह डालीगंज के जवाहर नगर इलाके में किराए पर रहते हैं। बुधवार सुबह वह हेलमेट लगाकर बाइक से ड्यूटी के लिए निकले थे। जैसे ही वह चौक स्थित विक्टोरिया स्ट्रीट फ्लाईओवर पर पहुंचे, अचानक धारदार मांझा उनके चेहरे पर आकर फंस गया।
अचानक हुए इस हादसे में मांझा उनकी नाक के ऊपरी हिस्से और आंख के पास गहराई तक कट लगा गया। बाइक भी असंतुलित हो गई, हालांकि उन्होंने किसी तरह खुद को संभाल लिया। मौके पर मौजूद राहगीरों ने उन्हें तत्काल ट्रॉमा सेंटर पहुंचाया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद हालत खतरे से बाहर बताई गई। फिलहाल इस मामले में पुलिस को कोई औपचारिक शिकायत नहीं दी गई है।
इसी दिन दोपहर में नाका ओवरब्रिज पर स्कूटी सवार एक युवती भी मांझे की चपेट में आ गई। वह डीएवी कॉलेज की ओर जा रही थी, तभी मांझा उसके चेहरे में फंस गया और वह घायल हो गई। आसपास के लोगों ने उसे निजी अस्पताल पहुंचाया। उसकी पहचान सार्वजनिक नहीं हो सकी है।
राजधानी में मांझे से जुड़ी घटनाएं पहले भी सामने आती रही हैं।
27 मार्च 2024 को हजरतगंज क्षेत्र में एक पुलिस अधिकारी का अंगूठा मांझे से कट गया था।
23 फरवरी 2025 को बीबीडी इलाके में बाइक सवार युवक घायल हुआ था।
सितंबर 2025 में हैदरगंज में दो बेटियों के साथ जा रहे एक व्यवसायी घायल हुए थे।
3 फरवरी 2026 को हैदरगंज ओवरब्रिज पर एक मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव की मांझे से गला कटने के कारण मृत्यु हो गई थी।
4 फरवरी 2026 को गोमती नगर विस्तार क्षेत्र में एक पूर्व वायुसेना कर्मी भी इसकी चपेट में आकर घायल हुए थे।
प्रदेश सरकार और पुलिस प्रशासन की ओर से प्रतिबंध के आदेश होने के बावजूद शहर में चाइनीज मांझे की बिक्री और उपयोग जारी है। यह मांझा न केवल आम नागरिकों बल्कि पक्षियों के लिए भी घातक साबित हो रहा है। लगातार हो रही घटनाओं ने प्रशासनिक कार्रवाई पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
संवाद 24 आमजन से अपील करता है कि प्रतिबंधित मांझे का उपयोग न करें और ऐसे उत्पादों की बिक्री की सूचना तत्काल संबंधित थाने को दें, ताकि संभावित हादसों को रोका जा सके।






