पूरा कश्मीर भारत में मिलाना चाहते थे सरदार पटेल, नेहरू ने रोका: प्रधानमंत्री मोदी का बड़ा बयान
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- गुजरात के केवडिया में सरदार पटेल की 150वीं जयंती पर राष्ट्रीय एकता दिवस समारोह आयोजित हुआ।
- प्रधानमंत्री ने कहा कि सरदार पटेल पूरा कश्मीर भारत में मिलाना चाहते थे, लेकिन नेहरू ने ऐसा नहीं होने दिया।
- उन्होंने कश्मीर के अशांत रहने के लिए नेहरू की नीतियों और ‘गुलामी की मानसिकता’ को जिम्मेदार ठहराया।
- मोदी ने सरदार पटेल के 562 रियासतों के सफल विलय को याद किया और कहा कि पटेल ने एक ‘भारत रत्न’ का निर्माण किया।
केवडिया (गुजरात): प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने प्रथम गृह मंत्री सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती के अवसर पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए एक बड़ा राजनीतिक बयान दिया है। गुजरात के केवडिया में ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ पर आयोजित एक राष्ट्रीय समारोह में प्रधानमंत्री मोदी ने कांग्रेस और देश के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू पर निशाना साधा।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि सरदार पटेल जम्मू-कश्मीर को पूरी तरह से भारतीय संघ में विलय करना चाहते थे, लेकिन नेहरू ने उन्हें ऐसा करने से रोक दिया।
नेहरू पर ‘गुलामी की मानसिकता’ का आरोप
प्रधानमंत्री ने कहा कि कश्मीर का वह क्षेत्र (पाक अधिकृत कश्मीर) आज तक अशांत है, और इसके लिए राजनीतिक हितों को देश की एकता पर हावी होने देने वाली मानसिकता जिम्मेदार है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस दशकों तक तुष्टिकरण की राजनीति करती रही और उसने गुलामी की मानसिकता को अपनाया।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा: “कांग्रेस की न केवल नीतियों से, बल्कि उनके गुलाम मानसिकता से भी, देश को बहुत नुकसान हुआ। उन्होंने यूरोपीयियों का अंधानुकरण किया और राष्ट्रीय एकता एवं जनसंख्या संतुलन के लिए हमेशा खतरा बने रहे।”
सरदार पटेल ने 562 रियासतों का किया था विलय
प्रधानमंत्री ने सरदार पटेल की देश के एकीकरण में निभाई गई ऐतिहासिक भूमिका को याद किया। उन्होंने कहा कि सरदार पटेल ने देश की 562 रियासतों को एकजुट कर अखंड भारत का निर्माण किया था।
योगी आदित्यनाथ का समर्थन: लखनऊ में बोलते हुए, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी कहा कि पटेल ने 562 रियासतों का भारत में विलय किया था, लेकिन नेहरू के पास शेष एक रियासत (जम्मू-कश्मीर) को संभालने का काम था, और उन्होंने उसमें भी गलती कर दी।
धारा 370 और कश्मीर का मुद्दा
प्रधानमंत्री मोदी ने धारा 370 के संदर्भ में कहा कि सरदार पटेल जम्मू-कश्मीर के पूर्ण एकीकरण की कामना करते थे। उन्होंने आरोप लगाया कि नेहरू की नीतियों ने देश के कई लोगों को यह सोचने पर मजबूर कर दिया कि देश आजादी के लिए पूरी तरह तैयार नहीं था और यह ब्रिटिश हुकूमत से मिली रियासतों की सौगात है।
उन्होंने जोर देकर कहा कि उनकी सरकार ने धारा 370 को समाप्त करके सरदार पटेल के सपने को पूरा किया है।






