बिठूर हत्याकांड: नशे की लत ने तोड़ा एक घर, कुल्हाड़ी के 26 वारों ने ले ली पति की जान
Share your love

संवाद 24 संवाददाता। कानपुर के बिठूर थाना क्षेत्र अंतर्गत टिकरा गांव में 24 दिसंबर 2025 की रात एक दिल दहला देने वाली वारदात हुई। शराब के नशे में धुत पत्नी वीरांगना ने अपने पति रविशंकर सविता उर्फ पप्पू (45) पर कुल्हाड़ी से ताबड़तोड़ 26 वार किए, जिससे उनकी मौत हो गई। यह घटना न केवल परिवार को तोड़ गई, बल्कि पूरे गांव में सदमे की लहर दौड़ा दी। पुलिस ने आरोपी पत्नी को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
रविशंकर टाइल्स और पत्थर लगाने का काम करते थे। साल 2019 में उनकी शादी बांदा जिले के तिंदवारी निवासी वीरांगना से हुई थी। दंपति का एक चार साल का बेटा जैन है। रविशंकर अपने माता-पिता से अलग, करीब एक किलोमीटर दूर पत्नी और बच्चे के साथ रहते थे। परिवार के अनुसार, दोनों पति-पत्नी शराब की लत के शिकार थे, जिस कारण घर में आए दिन झगड़े होते थे। गांव वाले बताते हैं कि महीने में कम से कम 15 दिन तो विवाद की स्थिति बनती थी।
घटना वाली रात वीरांगना अपनी बहनों के घर (पनकी क्षेत्र) से शराब पीकर लौटी थी। इधर, पप्पू भी काम से घर पहुंचे। देर रात करीब 12 बजे दोनों के बीच विवाद शुरू हुआ, जो मारपीट में बदल गया। गुस्से में आकर वीरांगना ने घर में रखी लोहे की कुल्हाड़ी से पति पर हमला कर दिया। सिर, चेहरे, गर्दन और हाथों पर लगातार वार किए गए। छीनाझपटी में वीरांगना के सिर पर भी चोट आई। पप्पू खून से लथपथ फर्श पर गिर पड़े।
हमले के बाद वीरांगना ने अपराध छिपाने की कोशिश की। उसने घर में फैले खून को साफ करना शुरू कर दिया और परिजनों को फोन करके झूठ बोला कि पप्पू का सड़क हादसा हो गया है और वे घायल हैं। परिजन मौके पर पहुंचे तो वीरांगना खून पोंछ रही थी। उन्होंने तुरंत पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने फॉरेंसिक टीम बुलाकर साक्ष्य जुटाए। आंगन में खून के धब्बे, सीढ़ियों पर रक्तरंजित कपड़े और टूटा बेलन व खून से सना सिलबट्टा मिला। हालांकि, कुल्हाड़ी नहीं मिल सकी – गांव वालों का मानना है कि वीरांगना ने इसे छिपा दिया।
पुलिस पप्पू को हैलट अस्पताल ले जाने लगी तो वीरांगना ने विरोध किया। जद्दोजहद के बाद उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन सुबह चार बजे अत्यधिक रक्तस्राव से पप्पू की मौत हो गई। पोस्टमॉर्टम में शरीर पर 26 गहरे घाव मिले।
वारदात के समय चार साल का मासूम बेटा जैन घर में ही था। माता-पिता के झगड़े और पिता को लहूलुहान देखकर वह बुरी तरह डर गया और कमरे में छिप गया। पुलिस ने पहुंचकर उसे बहलाया फुसलाया। बिठूर थाना प्रभारी प्रेमनारायण विश्वकर्मा और एसीपी कल्याणपुर आशुतोष कुमार ने बताया कि परिजनों की शिकायत पर छोटे भाई संतोष की तहरीर पर वीरांगना के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया। पोस्टमॉर्टम हाउस के बाहर से उसे हिरासत में लिया गया। जांच जारी है और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे कार्रवाई होगी।






