निर्माणाधीन बेसमेंट की दीवार गिरी, सात लोग घायल; दो की मौत की भी खबर
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संवाद 24 संवाददाता। ताजनगरी आगरा के बटेश्वर थाना क्षेत्र अंतर्गत बिजकौली (विजकौली) गांव में रविवार सुबह एक दिल दहला देने वाला हादसा हो गया। निर्माणाधीन मकान के बेसमेंट में मिट्टी भराई का काम चल रहा था, तभी अचानक दबाव सहन न कर पाने के कारण बेसमेंट की दीवार भरभराकर गिर गई। इस हादसे में बेसमेंट में अलाव तापकर ताश खेल रहे सात लोग मलबे में दब गए। मौके पर चीख-पुकार मच गई और अफरातफरी का माहौल बन गया।
हादसा सुबह करीब 11 बजे हुआ। गांव निवासी जोर सिंह के निर्माणाधीन मकान के बेसमेंट में कुछ ग्रामीण अलाव जलाकर ठंड से बचाव कर रहे थे और ताश खेल रहे थे। इसी दौरान मिट्टी की भराई के कारण दीवार पर अत्यधिक दबाव पड़ा और वह ढह गई। मलबे में दबे लोगों को निकालने के लिए आसपास के ग्रामीण तुरंत जुट गए। उनकी मेहनत से सभी सात घायलों को मलबे से बाहर निकाला गया।
सूचना मिलते ही बाह क्षेत्र के एसडीएम संतोष कुमार शुक्ला, तहसीलदार संपूर्ण कुलश्रेष्ठ, बीडीओ नीरज तिवारी और ब्लॉक प्रमुख लाल सिंह चौहान सहित अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे। घायलों को तत्काल प्राथमिक उपचार के लिए स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) ले जाया गया। वहां से कुछ घायलों की गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें एसएन मेडिकल कॉलेज, आगरा रेफर कर दिया गया।
घायलों की पहचान उत्तम सिंह (50) पुत्र आसाराम, धर्मेंद्र सिंह (42) पुत्र नाथूराम, सुनील कुमार (38) पुत्र दूरबीन सिंह, हीरालाल (60) पुत्र नंदराम, रामेंद्र सिंह (58) पुत्र वेद सिंह, कल्लू (32) पुत्र राम खिलाड़ी और योगेश (45) पुत्र राज बहादुर के रूप में हुई है। कुछ रिपोर्ट्स में चार घायलों की हालत गंभीर बताई जा रही है, जबकि अन्य स्रोतों के अनुसार दो घायलों की इलाज के दौरान मौत हो गई और पांच का इलाज जारी है।
यह हादसा निर्माण कार्यों में सुरक्षा मानकों की अनदेखी का एक और उदाहरण है। बेसमेंट निर्माण के दौरान दीवारों को सहारा न देना या मिट्टी भराई में सावधानी न बरतना अक्सर ऐसे दुर्घटनाओं का कारण बनता है। ग्रामीणों ने राहत कार्य में दिखाई बहादुरी सराहनीय है, लेकिन ऐसे हादसों से बचाव के लिए निर्माण एजेंसियों और मालिकों को सख्त नियमों का पालन करना जरूरी है।
प्रशासन ने घटना की जांच शुरू कर दी है। उम्मीद है कि घायल जल्द स्वस्थ होंगे और दोषियों पर उचित कार्रवाई होगी। इस घटना ने एक बार फिर निर्माण सुरक्षा के मुद्दे को उजागर किया है।






