
कन्यादान या उत्तरदायित्व सौंपना? हिंदू विवाह मंत्रों के वास्तविक अर्थ की पुनर्प्रस्तुति।
संवाद 24 (संजीव सोमवंशी)। हाल के वर्षों में कुछ समूहों द्वारा यह तर्क दिया जाता रहा है कि “कन्यादान” शब्द स्त्री के वस्तुकरण का प्रतीक है, और यह प्रथा “पितृसत्तात्मक सोच” से उपजी है। लेकिन यदि हम वास्तव में वैदिक…











