इंडिगो संकट में सरकार बैकफुट पर, DGCA ने नियमों में दी ढील

Share your love

संवाद 24, नई दिल्ली
देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो में पिछले चार दिनों से चल रहे फ्लाइट संकट के बाद, नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने शुक्रवार को क्रू मेंबर्स के साप्ताहिक आराम से जुड़े नए नियमों में ढील दे दी। इंडिगो के दबाव और यात्रियों की बढ़ती परेशानी को देखते हुए DGCA ने अस्थायी रूप से फ्लाइट संचालन में राहत देने की घोषणा की।

वीकली रेस्ट नियम अस्थायी रूप से वापस

नए नियमों के तहत क्रू मेंबर्स को सप्ताह में कम से कम 48 घंटे लगातार आराम देने का प्रावधान था। एयरलाइन कंपनियों ने यह नियम लागू करने में अधिक समय मांगा था। इंडिगो ने साफ कहा था कि अचानक नियम लागू होने से उसके ऑपरेशंस चरमरा गए हैं, जिसके कारण बड़ी संख्या में फ्लाइट कैंसिल करनी पड़ रही हैं। DGCA ने अब इस नियम को 10 फरवरी 2026 तक स्थगित कर दिया।

1000 से ज्यादा उड़ानें रद्द, हजारों यात्री फंसे

इंडिगो ने चार दिनों में 1000 से अधिक उड़ानें रद्द कर दीं। राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट्स पर यात्रियों की भारी भीड़ देखने को मिली। कई यात्रियों को खाने-पीने और होटल में ठहरने तक की परेशानी झेलनी पड़ी। यात्रियों और स्टाफ के बीच बहस और झगड़े की स्थिति तक बन गई।

सरकार का आदेश: पूरा रिफंड और होटल व्यवस्था

एविएशन मंत्री ने निर्देश दिया कि फ्लाइट कैंसिल होने पर यात्रियों को पूरा रिफंड खुद एयरलाइन को देना होगा, साथ ही फंसे यात्रियों के रहने और भोजन की उचित व्यवस्था भी करानी होगी। सरकार ने अन्य एयरलाइंस को भी किराया बढ़ाने पर सख्त चेतावनी दी है।

किराया 10 गुना तक बढ़ा

इंडिगो की उड़ानें रद्द होने के बाद अन्य एयरलाइंस ने किराए बढ़ा दिए। दिल्ली से बेंगलुरु की टिकट जो सामान्य दिनों में 4,000–6,000 रु. होती थी, वह बढ़कर 40,000 से 80,000 रु. तक पहुंच गई।

UP में 49 उड़ानें निलंबित

  • लखनऊ में 44 उड़ानें रद्द
  • अयोध्या में 5 उड़ानें रद्द
    एयरलाइंस के इस संकट का असर यात्रियों के साथ-साथ हवाई अड्डों के प्रबंधन पर भी पड़ा है।
Samvad 24 Office
Samvad 24 Office

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Get regular updates on your mail from Samvad 24 News