​कठुआ के जंगलों में गूंजी गोलियां: जैश का खूंखार आतंकी ढेर, क्या घाटी में बड़े हमले की थी साजिश

Share your love

​संवाद 24 नई दिल्ली। जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले से एक बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां सुरक्षाबलों ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए प्रतिबंधित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के एक खूंखार पाकिस्तानी आतंकवादी को मार गिराया है। बिलावर के दुर्गम पहाड़ी और जंगली इलाकों में हुई इस मुठभेड़ ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि भारतीय सेना और पुलिस के जवान सरहद पार से आने वाली हर नापाक साजिश को नाकाम करने के लिए पूरी तरह मुस्तैद हैं।

​कैसे शुरू हुआ ऑपरेशन?
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, सुरक्षा एजेंसियों को कठुआ के बिलावर इलाके में कुछ संदिग्ध गतिविधियों की खुफिया जानकारी मिली थी। खबर थी कि जैश-ए-मोहम्मद के कुछ प्रशिक्षित आतंकवादी घुसपैठ कर किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में छिपे हुए हैं। सूचना मिलते ही जम्मू-कश्मीर पुलिस, भारतीय सेना और सीआरपीएफ (CRPF) के जवानों ने एक संयुक्त घेराबंदी और तलाशी अभियान (CASO) शुरू किया। जैसे ही सुरक्षाबल आतंकियों के संभावित ठिकाने के करीब पहुंचे, आतंकियों ने खुद को घिरता देख अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी।

​जवाबी कार्रवाई में ढेर हुआ पाकिस्तानी आतंकी
आतंकियों की ओर से अचानक हुई गोलीबारी का सुरक्षाबलों ने मुंहतोड़ जवाब दिया। दोनों ओर से हुई इस भीषण मुठभेड़ में जैश-ए-मोहम्मद का एक विदेशी आतंकी ढेर कर दिया गया। जम्मू जोन के पुलिस महानिरीक्षक (IGP) ने पुष्टि की है कि मारा गया आतंकी पाकिस्तानी नागरिक था और लंबे समय से घाटी में अशांति फैलाने की योजना बना रहा था। मुठभेड़ स्थल से भारी मात्रा में गोला-बारूद और अत्याधुनिक हथियार बरामद किए गए हैं, जो इस बात की ओर इशारा करते हैं कि आतंकी किसी बड़े हमले की तैयारी में थे।

​सर्च ऑपरेशन अभी भी जारी
इलाके में और भी आतंकियों के छिपे होने की आशंका को देखते हुए सुरक्षाबलों ने बिलावर के पूरे क्षेत्र को सील कर दिया है। घने जंगलों और दुर्गम भौगोलिक परिस्थितियों के बावजूद, आधुनिक ड्रोन्स और खोजी कुत्तों की मदद से सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि जब तक पूरे इलाके को सुरक्षित नहीं कर लिया जाता, तब तक यह अभियान जारी रहेगा। स्थानीय ग्रामीणों को भी सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध वस्तु या व्यक्ति को देखने पर तुरंत सूचित करने की अपील की गई है।

​साजिशों का गढ़ बनता जैश
पिछले कुछ समय में जम्मू संभाग के शांतिपूर्ण इलाकों को निशाना बनाने की कोशिशें तेज हुई हैं। कठुआ और आसपास के जिलों में जैश-ए-मोहम्मद की सक्रियता ने सुरक्षा चक्र को और कड़ा कर दिया है। जानकारों का मानना है कि सरहद पार बैठे आका कश्मीर के साथ-साथ जम्मू में भी दहशत का माहौल पैदा करना चाहते हैं, लेकिन भारतीय सुरक्षाबलों की “जीरो टॉलरेंस” नीति उनके मंसूबों पर पानी फेर रही है।
​इस एनकाउंटर में एक आतंकी का मारा जाना सुरक्षाबलों के लिए बड़ी सफलता मानी जा रही है। कठुआ की जनता ने भी जवानों के इस शौर्य की सराहना की है। हालांकि, चुनौतियां अभी खत्म नहीं हुई हैं। बिलावर की पहाड़ियों में छिपे अन्य आतंकियों की तलाश तेज कर दी गई है और जल्द ही घाटी को आतंक मुक्त करने की दिशा में एक और बड़ा प्रहार होने की उम्मीद है।

Madhvi Singh
Madhvi Singh

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Get regular updates on your mail from Samvad 24 News