BCCL IPO: नए साल की शुरुआत में बाजार में उतर सकती है धनबाद की दिग्गज PSU, 1300 करोड़ रुपये का इश्यू संभावित

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संवाद 24 मुंबई। वर्ष 2026 की शुरुआत भारतीय शेयर बाजार के लिए अहम साबित हो सकती है। झारखंड के धनबाद मुख्यालय वाली सरकारी कंपनी Bharat Coking Coal Limited (BCCL) का आईपीओ अगले दो सप्ताह में आने की संभावना है। यह कंपनी Coal India Limited की प्रमुख सहायक इकाई है और देश में कोकिंग कोल उत्पादन में अग्रणी मानी जाती है।
बाजार से जुड़ी रिपोर्टों के अनुसार, प्रस्तावित आईपीओ पूरी तरह ऑफर फॉर सेल (OFS) होगा। इसके तहत कोल इंडिया अपनी करीब 10 प्रतिशत हिस्सेदारी बाजार में उतारेगी। अनुमान है कि इस प्रक्रिया में लगभग 46.5 करोड़ शेयर बेचे जाएंगे। चूंकि नए शेयर जारी नहीं किए जाएंगे, इसलिए आईपीओ से जुटाई गई पूरी राशि कोल इंडिया को प्राप्त होगी, न कि भारत कोकिंग कोल लिमिटेड को।
1300 करोड़ रुपये तक हो सकता है इश्यू साइज
आईपीओ का कुल आकार करीब 1,300 करोड़ रुपये आंका जा रहा है। इसके आधार पर कंपनी का प्री-लिस्टिंग वैल्यूएशन लगभग 13,000 करोड़ रुपये के आसपास बैठता है। शेयर की कीमत, लॉट साइज और अन्य शर्तें इश्यू लॉन्च के नजदीक तय की जाएंगी।
कौन संभालेगा आईपीओ की जिम्मेदारी
इस सार्वजनिक निर्गम के लिए ICICI Securities और IDBI Capital Markets and Securities को बुक-रनिंग लीड मैनेजर नियुक्त किया गया है, जबकि KFin Technologies रजिस्ट्रार की भूमिका निभाएगी। उल्लेखनीय है कि नियामक Securities and Exchange Board of India (SEBI) पहले ही कंपनी के ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) को मंजूरी दे चुका है।
कोकिंग कोल उत्पादन में मजबूत पकड़
भारत कोकिंग कोल लिमिटेड देश की प्रमुख कोकिंग कोल उत्पादक कंपनियों में शामिल है। कोकिंग कोल इस्पात उद्योग के लिए बेहद जरूरी कच्चा माल है। कंपनी नॉन-कोकिंग और वॉश्ड कोल का उत्पादन भी करती है और मुख्य रूप से स्टील व पावर सेक्टर को आपूर्ति करती है।
1972 में स्थापित इस कंपनी की खदानें झारखंड के Jharia Coalfield और पश्चिम बंगाल के Raniganj Coalfield में स्थित हैं, जो देश के सबसे समृद्ध कोयला क्षेत्रों में गिने जाते हैं।
मजबूत बैलेंस शीट और कर्ज-मुक्त स्थिति
कंपनी के उत्पादन में बीते वर्षों में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की गई है। वित्त वर्ष 2022 में जहां उत्पादन 30.51 मिलियन टन था, वहीं वित्त वर्ष 2025 में यह बढ़कर 40.50 मिलियन टन तक पहुंच गया।
वित्त वर्ष 2025 में कंपनी का कुल राजस्व लगभग 14,000 करोड़ रुपये रहा, जबकि मुनाफा 1,240 करोड़ रुपये दर्ज किया गया। खास बात यह है कि कंपनी पूरी तरह कर्ज-मुक्त है। साथ ही, दो वर्षों में इसकी नेट वर्थ 3,791 करोड़ रुपये से बढ़कर 6,551 करोड़ रुपये हो गई है।
सरकारी क्षेत्र की इस बड़ी लिस्टिंग पर निवेशकों की नजरें टिकी हुई हैं। मजबूत बैलेंस शीट, स्थिर कारोबार और रणनीतिक महत्व के चलते BCCL का आईपीओ नए साल की शुरुआत में बाजार की सबसे चर्चित पेशकशों में शामिल हो सकता है।

Samvad 24 Office
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