
संवाद 24 फर्रुखाबाद। जिले में पिछले करीब दो दिन से रुक-रुककर हो रही बारिश ने जनजीवन की रफ्तार धीमी कर दी है। शुक्रवार सुबह करीब पांच बजे शुरू हुआ बारिश का सिलसिला शुक्रवार रात से शनिवार तक जारी रहा। लगातार बारिश के कारण शहर से लेकर देहात तक कई स्थानों पर जलभराव की स्थिति बन गई। सड़कों पर पानी भरने और जगह-जगह कीचड़ होने से लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ा। वहीं बिजली व्यवस्था प्रभावित होने से लोगों की मुश्किलें और बढ़ गईं। बारिश के कारण मौसम में भी अचानक ठंडक बढ़ गई। शनिवार को अधिकतम तापमान करीब 22 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। ठंडी हवाओं के साथ लगातार बारिश के चलते लोग जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकलते दिखाई दिए।
शहर के कई मोहल्लों में जलभराव
लगातार बारिश के कारण शहर के केशव नगर, नेकपुर, भोलेपुर और मदारबाड़ी समेत कई मोहल्लों की सड़कों पर पानी भर गया। जलनिकासी की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने के कारण कई स्थानों पर लोगों को पानी से होकर गुजरना पड़ा। आवास विकास क्षेत्र में पाइपलाइन बिछाने के लिए खोदी गई सड़क बारिश के बाद कीचड़ में तब्दील हो गई। इससे पैदल राहगीरों के साथ दोपहिया वाहन चालकों को भी परेशानी हुई। सड़क की खुदाई के कारण पहले से प्रभावित आवागमन बारिश के बाद और कठिन हो गया।
पेड़ गिरने से बदायूं-फर्रुखाबाद मार्ग पर यातायात प्रभावित
बारिश और तेज हवाओं के बीच बदायूं-फर्रुखाबाद मार्ग पर नगला हूसा के पास पेड़ गिर गया। इससे कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित हुआ। सड़क पर पेड़ गिरने से वाहन चालकों को परेशानी हुई और मार्ग पर आवागमन की गति धीमी हो गई। बारिश के दौरान पेड़ गिरने की घटनाओं को देखते हुए ग्रामीण और मुख्य मार्गों पर वाहन चालकों को भी सावधानी बरतनी पड़ी।
नवाबगंज बिजली घर में पानी भरने से सप्लाई बाधित
बारिश का असर बिजली व्यवस्था पर भी पड़ा। नवाबगंज बिजली घर में पानी भर जाने के कारण बिजली आपूर्ति प्रभावित रही। लगातार बारिश के बीच बिजली कटौती होने से लोगों को अतिरिक्त परेशानी का सामना करना पड़ा। बिजली आपूर्ति बाधित रहने के कारण घरेलू कामकाज के साथ दुकानदारों और अन्य छोटे कारोबारियों का काम भी प्रभावित हुआ। बारिश और जलभराव के बीच बिजली व्यवस्था सामान्य करने की चुनौती बिजली विभाग के सामने रही।
तापमान में गिरावट से बढ़ी ठंडक
बारिश के कारण तापमान में भी गिरावट दर्ज की गई। शनिवार को अधिकतम तापमान करीब 22 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस रहा। दिनभर बादल छाए रहने और ठंडी हवाएं चलने से मौसम सामान्य दिनों की तुलना में काफी ठंडा महसूस हुआ। लगातार बारिश के कारण बाजारों और सड़कों पर भी सामान्य दिनों की अपेक्षा आवाजाही कम रही। लोग जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकले।
धान के लिए बारिश राहत, सब्जी किसानों की बढ़ी चिंता
ग्रामीण क्षेत्रों में बारिश का असर खेती पर भी दिखाई दिया है। किसानों के अनुसार इस समय हुई बारिश धान की फसल के लिए लाभकारी हो सकती है। धान को पर्याप्त नमी मिलने से किसानों को राहत मिली है। हालांकि सब्जी उत्पादक किसानों की चिंता बढ़ गई है। खेतों में खड़ी मिर्च, धनिया और फूलगोभी की पौध को लगातार बारिश से नुकसान पहुंचने की आशंका है। इसके अलावा लौकी और तुरई जैसी फसलों पर भी अधिक बारिश का प्रतिकूल असर पड़ सकता है। किसानों का कहना है कि यदि बारिश इसी तरह लगातार जारी रहती है तो खेतों में पानी जमा होने से सब्जियों की फसल खराब होने का खतरा बढ़ सकता है। वहीं कुछ स्थानों पर बारिश और तेज हवा के कारण फसलों के गिरने की भी जानकारी सामने आई है।
लगातार बारिश से जनजीवन प्रभावित
शहर में जलभराव, ग्रामीण क्षेत्रों में फसलों पर असर, मार्गों पर पेड़ गिरने और बिजली आपूर्ति बाधित होने से बारिश ने जिले की सामान्य व्यवस्था को प्रभावित किया है। फिलहाल लोगों को बारिश के थमने और जलभराव से राहत मिलने का इंतजार है। किसानों के लिए जहां धान की फसल को बारिश से फायदा मिलने की उम्मीद है, वहीं सब्जी उत्पादक किसान लगातार बारिश को लेकर चिंतित हैं।






