
कन्नौज जनपद की तिर्वा तहसील के ठठिया थाना क्षेत्र स्थित पिपरौली गांव में ग्राम पंचायत की भूमि पर कथित अवैध कब्जे और निर्माण को लेकर विवाद गहरा गया है। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि आशीष शुक्ला ने आरोप लगाया है कि कुछ लोगों ने रात के समय ग्राम समाज की भूमि पर कब्जा कर निर्माण कार्य शुरू कर दिया। मामले की शिकायत उपजिलाधिकारी (SDM) तिर्वा वैषाली से की गई, जिसके बाद राजस्व विभाग को जांच के निर्देश दिए गए। उपलब्ध जानकारी के अनुसार प्रशासन ने शिकायत को संज्ञान में लेकर राजस्व अधिकारियों से तथ्यात्मक रिपोर्ट मांगी है।
कानूनगो और लेखपाल ने मौके पर पहुंचकर की जांच
SDM के निर्देश पर गुरुवार को कानूनगो यशदत्त और लेखपाल दीक्षा जांच के लिए पिपरोली गांव पहुंचे। अधिकारियों ने मौके का निरीक्षण किया और दोनों पक्षों से अलग-अलग जानकारी ली। जांच के दौरान मौजूद ग्रामीणों ने भी अपने-अपने पक्ष रखे, जिससे मौके पर आरोप-प्रत्यारोप का माहौल बन गया। राजस्व टीम ने संबंधित तथ्यों का संकलन कर आगे की कार्रवाई के लिए रिपोर्ट तैयार करने की प्रक्रिया शुरू की।
ग्रामीणों ने लगाया सरकारी भूमि और रास्ते पर कब्जे का आरोप
ग्रामीणों रमेश, छुट्टू, अग्निहोत्री, सुभाष, हरिबाबू और योगेंद्र सहित अन्य लोगों का आरोप है कि कुलदीप और शिवकुमार सरकारी भूमि पर कब्जा कर रहे हैं। उनका यह भी कहना है कि गांव का पुराना सीधा रास्ता पहले टेढ़ा कर दिया गया था, जिसका उस समय भी विरोध हुआ था। अब उसी क्षेत्र में निर्माण कार्य शुरू होने से ग्रामीणों में नाराजगी बढ़ गई है।
रास्ता पहले बहाल हो, फिर हो निर्माण’
शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि जांच के दौरान केवल एक पक्ष के लोगों से हस्ताक्षर कराए गए। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि पहले पुराने रास्ते को मूल स्वरूप में बहाल कराया जाए और उसके बाद ही किसी प्रकार के निर्माण की अनुमति दी जाए। उनका कहना है कि सार्वजनिक रास्ते से जुड़ा मामला होने के कारण निष्पक्ष जांच आवश्यक है।
जांच रिपोर्ट के आधार पर होगा अगला निर्णय
कानूनगो यशदत्त ने बताया कि उपजिलाधिकारी के निर्देश पर मौके की जांच की गई है। जांच रिपोर्ट तैयार कर उच्च अधिकारियों को भेजी जाएगी, जिसके आधार पर आगे की प्रशासनिक कार्रवाई और अंतिम निर्णय लिया जाएगा। फिलहाल मामले में जांच जारी है और प्रशासन की ओर से किसी पक्ष के दावों की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।






