अंतर्राष्ट्रीय हिंदू परिषद और राष्ट्रीय बजरंग दल की संयुक्त बैठक में नई जिला कार्यकारिणी का गठन
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शहर के रेलवे रोड स्थित मोहन पैलेस में अंतर्राष्ट्रीय हिंदू परिषद और राष्ट्रीय बजरंग दल की संयुक्त बैठक आयोजित की गई, जिसमें जिले भर से सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। बैठक के दौरान संगठन को मजबूत बनाने और सनातन धर्म की रक्षा के लिए कार्यकर्ताओं को सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया गया। कार्यक्रम में नई जिला कार्यकारिणी की घोषणा भी की गई, जिससे संगठनात्मक गतिविधियों को गति मिलने की उम्मीद जताई गई।
दिनेश राजपूत बने जिलाध्यक्ष, अंगद पांडे को मिली प्रमुख जिम्मेदारी
बैठक के दौरान अंतर्राष्ट्रीय हिंदू परिषद और राष्ट्रीय बजरंग दल की जिला कमेटी का गठन किया गया। इसमें दिनेश राजपूत को जिलाध्यक्ष और अंगद पांडे उर्फ कोमल पांडे को जिला प्रमुख महामंत्री की जिम्मेदारी सौंपी गई। संगठन के पदाधिकारियों ने उम्मीद जताई कि नई टीम जिले में संगठन की विचारधारा और गतिविधियों को मजबूत करने का काम करेगी तथा अधिक से अधिक युवाओं को जोड़ने का प्रयास करेगी।
गुजरात से आए प्रभारी राजू भारद्वाज ने दिया एकजुटता का संदेश
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में गुजरात से आए उत्तर प्रदेश प्रभारी राजू भारद्वाज ने कार्यकर्ताओं को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में सनातन धर्म को एकजुट करना बेहद आवश्यक है। उनके अनुसार समाज को विभाजित करने के लिए विभिन्न प्रकार के षड्यंत्र किए जा रहे हैं, इसलिए हिंदू समाज को सतर्क रहते हुए संगठित रहना चाहिए और किसी भी प्रकार की चुनौती का सामूहिक रूप से सामना करना चाहिए।
हिंदुत्व और गौ-रक्षा को लेकर सक्रिय रहने का आह्वान
बैठक में विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद राष्ट्रीय बजरंग दल के प्रदेश महामंत्री अरविंद सेंगर ने कहा कि संगठन पूरे प्रदेश में हिंदुत्व और गौ-रक्षा के मुद्दों पर सक्रिय रूप से कार्य कर रहा है। उन्होंने दावा किया कि बड़ी संख्या में कार्यकर्ता समाज और धर्म से जुड़े मुद्दों पर समर्पण के साथ काम कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि संगठन के प्रयासों से कई क्षेत्रों में गौ-हत्या जैसी घटनाओं पर रोक लगी है और अवैध गतिविधियों में शामिल लोगों में भय का माहौल बना है।
युवाओं की भागीदारी पर विशेष जोर
बैठक में मौजूद पदाधिकारियों ने युवाओं से संगठन से जुड़कर सामाजिक और धार्मिक गतिविधियों में योगदान देने का आह्वान किया। वक्ताओं ने कहा कि संगठनों का उद्देश्य समाज में जागरूकता बढ़ाना,धार्मिक-सांस्कृतिक मूल्यों को संरक्षित करना और जरूरतमंद लोगों की सहायता करना है।उल्लेखनीय है कि बजरंग दल की स्थापना 1984 में हुई थी और इसे विश्व हिंदू परिषद की युवा शाखा के रूप में जाना जाता है, जिसका उद्देश्य हिंदू समाज को संगठित करना और सांस्कृतिक-धार्मिक गतिविधियों में युवाओं की भागीदारी बढ़ाना बताया जाता है।






