मानदेय और ईपीएफ भुगतान अटका: मनरेगा कर्मियों ने काली पट्टी बांधकर किया विरोध प्रदर्शन
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फर्रुखाबाद जनपद के विकासखंड राजेपुर में मनरेगा कर्मियों ने लंबे समय से मानदेय और ईपीएफ का भुगतान न होने पर विरोध प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने काली पट्टी बांधकर अपनी नाराजगी जताई और प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन करते हुए एडीओ पंचायत अजीत पाठक को ज्ञापन सौंपा। मनरेगा कर्मचारी महासंघ उत्तर प्रदेश के बैनर तले आयोजित इस विरोध में ग्राम रोजगार सेवक, कंप्यूटर ऑपरेटर, लेखा सहायक, तकनीकी सहायक और अतिरिक्त कार्यक्रम अधिकारी शामिल हुए।
मई 2025 से नहीं मिला मानदेय, कर्मचारियों में आक्रोश
प्रदर्शन कर रहे कर्मियों ने आरोप लगाया कि विभागीय शिथिलता के कारण मई 2025 से अब तक उनका मानदेय जारी नहीं किया गया है। इसके साथ ही कर्मचारियों के ईपीएफ की राशि भी लंबे समय से लंबित है। उनका कहना है कि लगातार कार्य करने और सरकारी लक्ष्यों को पूरा करने के बावजूद भुगतान न होना कर्मचारियों के लिए गंभीर आर्थिक संकट पैदा कर रहा है।
दीपावली और अब होली भी बिना वेतन के
कर्मचारियों ने बताया कि दीपावली जैसे बड़े त्योहार पर भी उन्हें वेतन नहीं मिला था और अब होली के मौके पर भी भुगतान न होने से उनकी पारिवारिक जिम्मेदारियां प्रभावित हो रही हैं। मनरेगा कर्मियों का कहना है कि नियमित आय न होने के कारण उन्हें आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है, जिससे उनके परिवारों की स्थिति भी प्रभावित हो रही है।
मनरेगा कार्यों में निभाई महत्वपूर्ण भूमिका
ज्ञापन में कर्मचारियों ने बताया कि उन्होंने विभाग के निर्देशों के अनुसार सभी लक्ष्यों को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। इसके अलावा एसआईआर, क्रॉप सर्वे और अन्य सरकारी कार्यों में भी उन्होंने प्रशासन को पूरा सहयोग दिया है। इसके बावजूद भुगतान लंबित रहना कर्मचारियों के मनोबल को प्रभावित कर रहा है।
संविधान के जीवन के अधिकार का हवाला
कर्मचारियों ने कहा कि प्रदेश के कई जिलों में मानदेय न मिलने के कारण गंभीर घटनाएं भी सामने आ चुकी हैं, जो चिंता का विषय है। उन्होंने इसे संविधान के अनुच्छेद 21 में वर्णित जीवन के अधिकार के विपरीत बताया और समय पर भुगतान सुनिश्चित करने की मांग की।
भुगतान न होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी
मनरेगा कर्मियों के प्रतिनिधिमंडल ने बताया कि इस मुद्दे को लेकर 23 फरवरी 2026 को रोजगार गारंटी आयुक्त से भी मुलाकात की गई थी और समस्या से अवगत कराया गया था। कर्मचारियों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द भुगतान नहीं हुआ तो 17 मार्च 2026 को जनपद के सभी मनरेगा कर्मचारी जिलाधिकारी को ज्ञापन देकर मुख्यमंत्री तक मामला पहुंचाएंगे।
प्रदर्शन में कई कर्मचारी रहे मौजूद
विरोध प्रदर्शन के दौरान विकासखंड राजेपुर के कई मनरेगा कर्मियों ने हस्ताक्षर कर प्रशासन से लंबित मानदेय और ईपीएफ भुगतान जल्द कराने की मांग की। इस मौके पर एपीओ राशिद खान, प्रबल जगतपाल, राकेश जगतपाल सहित अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।






